दून मेडिकल कॉलेज : तीमारदारों को अब नहीं सोना पडे़गा फर्श पर
देहरादून/अमर उजाला ब्यूरो
दून मेडिकल कॉलेज में मरीजों और तीमारदारों के फर्श पर सोने की खबर ‘सर्दी अर्श पर मरीज फर्श पर’ अमर उजाला में प्रकाशित होने के बाद अस्पताल प्रशासन हरकत में आ गया है। प्रशासनिक अधिकारी सोमवार को अस्पताल की जरूरी सुविधाओं की जानकारी लेने के साथ व्यवस्थाएं जुटाने में लगे रहे। मरीजों को कंबल मुहैया कराने के साथ ही तीमारदारों को रैन बसेरों में ठहरने के इंतजाम सुनिश्चित किए गए।
अमर उजाला ने रविवार रात दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल का निरीक्षण किया था। इस दौरान कई मरीज और उनके तीमारदार फर्श पर रात गुजारते मिले थे। इसके अलावा अस्पताल में सुरक्षा को लेकर कोई खास व्यवस्था नहीं मिली थी। कंबल न मिलने की वजह से कई मरीज अपने घरों से कंबल और बिस्तर लेकर आए थे। इसके अलावा बेड न मिलने पर कई मरीज अस्पताल की सीढ़ियों के नीचे लेटे मिले थे। दून मेडिकल कॉलेज की इस बदहाली पर अमर उजाला ने सोमवार के अंक में ‘सर्दी अर्श पर मरीज फर्श पर’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। इस खबर का संज्ञान लेकर अस्पताल प्रशासन सोमवार को हरकत में आ गया। अस्पताल में साफ-सफाई के साथ ही रंग रोगन और विद्युत मरम्मतीकरण का काम शुरू कर दिया गया। आननफनन मरीजों को कंबल दे दिए गए। तीमारदारों के ठहरने के लिए घंटाघर और पटेलनगर के रैन बसेरों में व्यवस्था सुनिश्चित कराई गई। इसके अलावा अस्पताल में ओपीडी के बाहर टीन शेड में दो टीवी लगा दिए गए।
प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. केके टम्टा ने कहा कि अस्पताल परिसर में चार पूछताछ केंद्र बनाए गए हैं। मरीजों और तीमारदारों के बैठने के लिए 130 थ्री सीटर सीटों को ठीक कराया जा रहा है। ओपीडी में किस दिन कौन सा डॉक्टर बैठेगा इसका बोर्ड भी लगाया गया है। इसके अलावा जल्द ही ओपीडी के बाहर डिजिटल डिस्पले भी लगा दिया जाएगा। इसके जरिये मरीजों को नंबर मिलने लगेंगे। वहीं दून मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. प्रदीप भारती गुप्ता ने कहा कि अस्पताल में भर्ती धनोल्टी निवासी पूजा के कंबल मांगे जाने पर उपलब्ध करा दिया गया था। अस्पताल की चारों लिफ्टें ठीक हैं। उन्होंने कहा कि कुछ समय बाद अस्पताल की स्थिति बदली नजर आएगी।