ब्यूरो/अमर उजाला, झबरेड़ा
इकबालपुर शुगरमिल की चीनी बिक्री के विरोध में सोमवार को किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। सैकड़ों किसानों ने शुगरमिल पर पहुंचकर चीनी की बिक्री रोक दी और जमकर हंगामा किया। किसानों की मांग थी कि स्पष्ट किया जाए कि चीनी की बिक्री से कितना भुगतान किसानों को किया जाएगा। देर रात समाचार लिखे जाने तक किसान शुगरमिल के बाहर डटे थे।
इकबालपुर शुगरमिल के साथ किसानों का भुगतान को लेकर विवाद चल रहा है। ज्ञात हो कि शुगरमिल पर किसानों को भुगतान के लिए करीब 140 करोड़ का बकाया है। पिछले दिनों किसानों और शुगरमिल के अधिकारियों के बीच मारपीट भी हो गई थी। इससे करीब एक माह से चीनी का उठान नहीं हो पाया है। सोमवार को शुगरमिल प्रबंधन चीनी की बिक्री करने लगा। इसकी जानकारी होने पर क्षेत्र के किसानों में रोष पनपने लगा। अचानक सैकड़ों किसान मौके पर पहुंच गए और चीनी की बिक्री बंद करा दी। देखते ही देखते किसान नारेबाजी करने लगे। किसानों का कहना था कि विभाग और शुगरमिल यह स्पष्ट करें कि चीनी बिक्री से कितना भुगतान किसानों को किया जाएगा। साथ ही जिन अधिकारियों और कर्मचारियों ने करीब एक माह पहले किसानों केे साथ मारपीट की है, उनके खिलाफ कार्रवाई कर शुगरमिल से बाहर किया जाए। इस दौरान किसानों ने फोन पर डीसीओ शैलेंद्र सिंह और ज्वाइंट मजिस्ट्रेट नितिका खंडेलवाल को मामले की सूचना दी, लेकिन समाचार लिखे जाने तक कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा था। जिसके चलते किसान शुगरमिल के गेट के बाहर ही डटे थे।