नए कोर्स पर रोक लगाना युवाओं के साथ छलावा
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) के नए पाठ्यक्रमों की एनओसी पर रोक लगाने से एसोसिएशन ऑफ सेल्फ फाइनेंस इंस्टीट्यूट में सख्त नाराजगी है। एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. सुनील अग्रवाल ने कहा कि यह प्रदेश के युवाओं के साथ छलावा है। सरकार को युवाओं की चिंता ही नहीं है।
बृहस्पतिवार को आयोजित प्रेसवार्ता में डॉ. सुनील अग्रवाल ने आरोप लगाया कि कुछ अधिकारी जानबूझकर सरकार को बरगला रहे हैं। यूपी, हरियाणा सहित देशभर में इन पाठ्यक्रमों की ही नहीं इससे पहले डीएलएड की भी मान्यता की अनुमति दी गई थी। यहां डीएलएड केवल डायट में था, जिस वजह से यहां के युवाओं को यह कोर्स करने के लिए दूसरे राज्यों में जाना पड़ा। अब सरकार 12वीं के बाद आईटीईपी पर भी रोक लगाकर पलायन को बढ़ावा दे रही है। जिन युवाओं को यह कोर्स करना होगा, उन्हें मजबूरी में दूसरे राज्यों में जाना पड़ेगा। उन्होंने सरकार से मांग की है कि इस कोर्स के लिए दरवाजे खोले जाएं।
आने वाले समय में यही कोर्स चलेगा
फिलहाल एनसीटीई ने दो वर्षीय बीएड बंद नहीं किया है लेकिन आईटीईपी की मान्यता प्रक्रिया पूरी होने के बाद भविष्य में इसे बंद किया जाएगा। वहीं, प्राइमरी और माध्यमिक स्तर पर शिक्षकों की भर्ती के लिए भी आईटीईपी कोर्स ही मान्य होने जा रहा है। लिहाजा, एसोसिएशन ने मांग की है कि इसे युवाओं के भविष्य के रोजगार का जरिया मानते हुए चलाने का मौका दिया जाए।