ब्यूरो/अमर उजाला, विकासनगर।
सेलाकुई। अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की द इंडियन पब्लिक स्कूल के सभागार में बुधवार को राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक आयोजित की गई। बैठक में बतौर मुख्य वक्ता महासंघ के उच्च शिक्षा संवर्ग के राष्ट्रीय प्रभारी महेंद्र कुमार ने कहा कि संगठन केवल भावनाओं से नहीं बल्कि निरंतर संघर्ष से बनता है।
उन्होेंने कहा कि किसी भी संगठन के लिए वैचारिक प्रतिबद्धता और स्पष्टता आवश्यक है। संगठन के कार्यकर्ताओं की मनोवृत्ति अपने के बजाए अपनों के लिए कार्य करने की होनी चाहिए। आने वाली सदी भारतीय विचार की होगी। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि महासंघ जो भी निर्णय लेगा सरकार उसको प्रभावी रूप से क्रियान्वित करेगी। बैठक में आए सुझाव सरकार के लिए मार्गदर्शन का काम करते हैं। सरकार शिक्षकों के हित के लिए निरंतर प्रयासरत है।
महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो. जेपी सिंघल ने कहा कि महासंघ शिक्षकों की समस्याओं के निराकरण के लिए निरंतर कार्यरत है। सरकार समस्याओं का समाधान त्वरित गति से करे, इसलिए निरंतर अपनी बात हम मजबूती से सरकार के समक्ष रखते हैं। बैठक में संगठन के राष्ट्रीय संगठन मंत्री महेंद्र कपूर, महामंत्री शिवानंदन, संयुक्त महामंत्री डॉ. निर्मला यादव, ओमपाल सिंह, भास्कर नैथानी, एके सिंह, ओमपाल सिंह, डॉ. विजय पांडे, डॉ. प्रशांत सिंह, डॉ. दीपक भट्ट, डॉ. एआर सेमवाल, डॉ. शेखर, प्रो. शैलेश मिश्रा, मोहन, आलोक, कल्पना पांडे, प्रियंवदा सक्सेना, डॉ रश्मि रावत, दिग्विजय सिंह, कृष्ण सरकार, डॉ. हरीश चंद्र पुरोहित, डॉ. पारुल दीक्षित, संयोजक हरनाम सिंह आदि मौजूद रहे।