ब्यूरो/अमर उजाला, विकासनगर
चकराता। छावनी क्षेत्र में सीवर लाइन नहीं होने से स्थानीय लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। लोग लंबे समय से छावनी प्रशासन से सीवर लाइन बिछाने की मांग कर रहे हैं। बावजूद इसके प्रशासन स्थानीय लोगों की समस्या की ओर ध्यान नहीं दे रहा है। सेप्टिक टैंक से गंदगी रिस कर संपर्क मार्गों और जंगलों में फैल रही है।
चकराता छावनी की स्थापना के डेढ़ सदी बीत जाने के बावजूद छावनी परिषद प्रशासन क्षेत्र में सीवर लाइन नहीं बिछा पाया है। प्रशासन ने गंदगी के निस्तारण के लिए सेप्टिक टैंक बनाए हुए हैं। लेकिन, सेप्टिक टेंकों से रिस रही गंदगी स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। कई बार गंदगी क्षतिग्रस्त पेयजल लाइन से पीने के पानी में मिल जाती है। इससे पूरे क्षेत्र में संक्रामक रोगों के फैलने का खतरा बन जाता है। स्थानीय निवासी पंकज जैन, डॉ. सरदार सिंह, राहुल चांदना, अमित जोशी, केशर चौहान ने बताया कि छावनी परिषद प्रति वर्ष सामाजिक कार्यों के नाम पर करोड़ों का बजट खर्च करती है। बावजूद इसके अभी तक सीवर लाइन जैसी मूलभूत सुविधा तक मुहैया नहीं कराई गई है। स्थानीय लोगों ने छावनी क्षेत्र में सीवर लाइन की सुविधा मुहैया कराने की मांग की है।
उधर, छावनी परिषद के अवर अभियंता गिरीश खंडूड़ी ने बताया कि सीवर लाइन का प्रस्ताव तैयार किया गया है। कमांड कार्यालय से स्वीकृति मिलते ही कार्य शुरू कर दिया जाएगा।