ब्यूरो/अमर उजाला, विकासनगर
स्वारना नदी किनारे स्थित सहसपुर ब्लॉक के राजकीय हाईस्कूल रामपुर कलां में सुरक्षा दीवार नहीं होने से नौनिहाल खतरे के साये में पढ़ाई करने को मजबूर हैं। बरसात में कई बार नदी के उफान पर रहने से पानी विद्यालय प्रांगण में घुस जाता है। लेकिन, विभाग इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत प्रत्येक छात्र को समावेशी और सुरक्षित माहौल में शिक्षा मुहैया कराया जाना जरूरी है। लेकिन, अधिकांश नियम कानून सिर्फ कागजों तक ही सीमित हैं। आलम यह है कि विद्यालयों में छात्र-छात्राओं के लिए शिक्षा विभाग सुरक्षित माहौल ही मुहैया नहीं करा पा रहा है। सहसपुर ब्लॉक के राजकीय हाईस्कूल रामपुर कलां में इसकी बानगी देखने को मिल रही है। स्वारना नदी के किनारे स्थित इस विद्यालय में करीब 150 नौनिहाल पढ़ाई करने हैं। लेकिन, विभाग इनकी सुरक्षा के लिए अब तक दीवार का निर्माण नहीं करा पाया है। बरसात में नदी का पानी विद्यालय प्रांगण में तो घुसता ही है। वहीं, सामान्य दिनों में आवारा पशु विद्यालय परिसर में घूमते रहते हैं। विद्यालय में अवकाश होने पर यहां असामाजिक तत्वों का डेरा जमा रहता है। बावजूद इसके शिक्षा विभाग यहां सुरक्षा दीवार के निर्माण के प्रति लापरवाह बना हुआ है।
उधर, सहसपुर ब्लॉक के खंड शिक्षाधिकारी पंकज शर्मा ने बताया कि विद्यालय में सुरक्षा दीवार निर्माण के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। बजट स्वीकृत होते ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा।