ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। हाईकोर्ट के आदेशों के बावजूद प्रशासन अतिक्रमण हटाने के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति करने में लगा हुआ है। अतिक्रमण हटाओ अभियान के तीसरे दिन लोक निर्माण विभाग की जेसीबी दिन भर महज 10 मीटर क्षेत्र तक ही कार्रवाई कर सकी। दिलचस्प बात तो यह है कि लोनिवि अधिकारियों ने कहीं तो अतिक्रमण के निशान लगाए, मगर तोड़ा नहीं और दूसरी तरफ निशान लगाते ही तोड़ दिया। जहां निशान लगाने के बाद नहीं तोड़ा गया वहां पर अधिकारी बोले कि वह स्वयं तोड़ेंगे।
शनिवार को सुबह दस बजे लोक निर्माण विभाग की टीम वीरपुर खुर्द पर पहुंची। विभागीय अधिकारी एक बार पुन: सड़क के सेंटर से 40 फुट की नपाई कर निशान लगाने लगे। विभागीय अधिकारियों ने पूरा दिन बार-बार नपाई करने में ही लगा दिया। नतीजा यह निकला कि पूरे सात घंटे लगाने के बाद लोनिवि की जेसीबी ने शुक्रवार को जहां अतिक्रमण की कार्यवाही समाप्त की थी। वहीं से दो पक्के मकानों को तोड़ पाई। विभाग की ओर से बीती शुक्रवार को जो ध्वस्तीकरण की प्रक्रिया के लिए निशान लगाए गए थे। विभाग ने उसे शनिवार को छेड़ा तक नहीं। इस पर पूछे जाने पर विभागीय अधिकारियों ने कहा कि इसे वह स्वयं तोड़ देंगे।
चार मंजिला भवन को छोड़ टीम चलती बनी
विभाग की ओर से एक चार मंजिला भवन पर शुक्रवार को विभागीय अधिकारियों ने दो फुट तोड़ने का निशान लगाया था। जेसीबी को इसके छज्जे को तोड़ने के लिए काफी मशक्कत भी करनी पड़ी थी। इस पर अधिकारियों ने कहा था कि शनिवार को इसके लिए विभाग की टीम कटर लेकर आएगी। इसके बाद ही ध्वस्तीकरण की कार्यवाही हो सकेगी। मगर, शनिवार को न ही कटर आया और न ही कार्यवाही की गई।