गोपेश्वर। आपदा के दौरान व्यवस्थित ढंग से राहत एवं बचाव कार्य करने तथा कम समय में आपदा प्रभावितों तक राहत पहुंचाने के उद्देश्य से कलक्ट्रेट सभागार में प्रशिक्षण कार्यशाला हुई। इस दौरान इंसीडेंट रिस्पांस सिस्टम (आईआरएस) के विशेषज्ञ बीबी गणनायक ने जिला स्तरीय नोडल अधिकारियों को आपदा के समय उनके दायित्वों एवं कर्त्तव्यों के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि आपदा के समय राहत और बचाव के लिए सजगता और आपसी समन्वय जरूरी है।
उन्होंने कहा कि आईआरएस का मकसद कम से कम समय में आपदा प्रभावितों की खोज, उनका बचाव एवं राहत कार्य पहुंचाना है। आपदा के समय आपदा राहत एवं बचाव कार्य तुरंत शुरू करना संबंधित क्षेत्र की आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पटवारी, शिक्षक व ग्राम विकास अधिकारी का पहला कार्य है। प्रभारी जिलाधिकारी हंसादत्त पांडे ने सभी अधिकारियों को अपने दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए। इस मौके पर एडीएम एमएस बर्निया, डीएफओ एनएन पांडे, एसडीएम योगेंद्र सिंह, एसडीएम बुसरा अंसारी, लोनिवि के ईई डीएस रावत, सीईओ एलएम चमोला, एआरटीओ एलविन रॉक्सी और आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी आदि मौजूद थे।