श्रीनगर। गढ़वाल विवि से बाहर किए गए आउटसोर्स कर्मचारियों ने विवि प्रशासन के समक्ष कड़ा आक्रोश जताया है। हटाए गए कर्मचारियों ने सेवा बहाली न किए जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। कर्मचारियों के समर्थन में छात्र संगठन भी आगे आए हैं।
गढ़वाल विवि से हटाए गए आउटसोर्स कर्मचारियों ने बुधवार को कुलसचिव के समक्ष कड़ा आक्रोश जताया। हटाए गए कर्मचारियों ने कहा कि कई वर्षों से विवि में सेवाएं देने के बावजूद विवि प्रशासन ने उन्हें कार्य से हटा दिया है। इन कर्मचारियों के समर्थन में गए आइसा व एसएफआई कार्यकर्ताओं ने कहा कि बजट की कमी की बात कह कर आउटसोर्स कर्मचारियों को हटाना गैर प्रशासनिक क्षमता का निर्णय है। बिड़ला परिसर छात्र संघ उपाध्यक्ष अंकित उछोली ने कहा कि विवि अपनी फिजूलखर्चों पर नियंत्रण करने के बजाय लोगों का रोजगार छीन रहा है। एसएफआई के प्रदेश अध्यक्ष नितिन मलेठा, मनीष कुर्मी, पवन नेगी, अतुल कांत आदि छात्रों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द सभी आउटसोर्स कर्मचारियों को वापस काम पर नहीं लिया गया तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। वहीं विवि के सुरक्षा अधिकारी हेम जोशी ने बताया कि उच्चाधिकारियों ने इस संबंध में आउटसोर्स एजेंसी से बात करने का आश्वासन दिया है।