गोपेश्वर। बदरीनाथ धाम में पड़ रही कड़ाके की ठंड और तीर्थयात्रियों की घटती संख्या को देखते हुए व्यवसायी अपनी दुकानें समेटकर लौटने लगे हैं। इससे धाम में सन्नाटा पसरने लगा है।
बदरीनाथ धाम के कपाट 20 नवंबर को अपराह्न 3 बजकर 21 मिनट पर बंद हो जाएंगे। बदरीनाथ के दर्शनों को प्रतिदिन 500 से 700 तक तीर्थयात्री पहुंच रहे हैं। अब धाम में पड़ रही कड़ाके की ठंड और तीर्थयात्रियों की बेहद कम संख्या को देखते हुए व्यवसायी सामान समेटकर घरों को लौटने लगे हैं और साधु-संत भी बदरीनाथ से जाने लगे हैं। 15 नवंबर से बदरीनाथ के कपाट बंद होने की प्रक्रियाएं भी शुरू हो जाएंगी। बदरीनाथ पुलिस थाने से लेकर साकेत तिराहे तक की अधिकांश दुकानें बंद हो गई हैं, जबकि मुख्य बाजार, माणा रोड और जीएमवीएन एरिया की सभी दुकानें बंद हो गई हैं। धाम परिसर के समीप प्रसाद की दुकानें अभी भी खुली हुई हैं। बदरीनाथ थानाध्यक्ष अनिल जोशी ने बताया कि बदरीनाथ में धीरे-धीरे तीर्थयात्रियों के पहुंचने का सिलसिला भी कम हो गया है। प्रतिदिन 500 से 700 तीर्थयात्री धाम के दर्शनों को पहुंच रहे हैं।