ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। पीजी ऑटोनोमस कॉलेज में जैव विविधता और बॉयोसेफ्टी लैब एंड क्वालिटी कंट्रोल इन बॉयोमेडिकल लैब विषय पर सेमिनार आयोजित किया गया, जिसमें उत्तराखंड राज्य को जैव विविधता पर शोध और रोजगार दोनों के लिए अहम बताया गया। सेमिनार का शुभारंभ प्राचार्य डॉ. एनपी माहेश्वरी ने किया। इस दौरान उन्होंने ऑप्शन इंडिया के ब्रोशर का लोकार्पण भी किया। सेमिनार में मुुख्य वक्ता डॉ. नरोत्तम शर्मा ने विज्ञान संकाय के छात्र-छात्राओं को बायो सेफ्टी की आवश्यकता, वायरस व बैक्टीरिया के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराया।
डॉ. अंकिता राजपूत ने कहा कि उत्तराखंड में जैव विविधता अत्यधिक है। पर्यावरणीय दृष्टि से इस क्षेत्र में युवाओं को काम करने के बेहतरीन अवसर हैं, जिससे उत्तराखंड में जैव विविधता पर शोध और रोजगार दोनों की संभावना है। सेमिनार में एसडीएम हर गिरि, बायो डायवर्सिटी एंड सोशल रिसर्च आर्गेनाइजेशन की डॉ. अंकिता राजपूत, वाइल्ड लाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के युवा वैज्ञानिक डॉ. वेद, सेंट्रल मॉलिक्यूलर लैब एसजीआरआर मेडिकल कॉलेज के वैज्ञानिक डॉ. नरोत्तम शर्मा व आप्सन इंडिया ए सेंटर फॉर अप्लाइड साइंस के निदेशक दिव्य प्रकाश, डॉ. ऋतु कश्यप, डॉ. दयाधर दीक्षित, शोफिया हसन, शालिनी, डॉ. पंकज देवेंद्र भट्ट, डॉ. शाकुंज राजपूत, डॉ. स्मिता बसेरा आदि मौजूद थे।