थराली। शुक्रवार रात से हो रही बारिश से पिंडर घाटी में जन-जीवन अस्त व्यस्त हो गया है। कई स्थानों पर भूस्खलन होने से कर्णप्रयाग-ग्वालदम और थराली-देवाल मोटर मार्ग सहित तहसील की सभी ग्रामीण सड़कें बंद हो गई हैं।
पिंडर घाटी की लाइफ लाइन कहीं जाने वाली कर्णप्रयाग-ग्वालदम मोटर मार्ग करूलपानी, ताल, घनियालधार, गुड़म गधेरा, थाला, रिंगालघेर, सुनला, और कालजाबर में मलबा आने से बंद हो गया। वहीं थराली-देवाल मोटर मार्ग चेपड़ों गदेरे, कोठी और पूर्णा में मलबा आने से बाधित रहा। थराली से देवाल जाने के लिए पैदल रास्ता भी भूस्खलन और मलबा आने से बंद रहा। वहीं ग्रामीण सड़कें थराली-कुराड़ मोटर मार्ग तहसील मुख्यालय राड़ीबगड़ के ऊपर पुश्ता गिरने से क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे कुराड़, लेटाल, हरिनगर, पारथा, बूला, ढूंगाखोली और सगवाड़ा में कई टैक्सियां फंस गईं। नन्दकेशरी-ग्वालदम मोटर मार्ग भी मलबा आने से बंद हो गया। राजस्व उपनिरीक्षक चंद्र सिंह बुटोला ने बताया कि कुराड़ गांव में शम्भूप्रसाद के मकान के पीछे भूस्खलन होने से मकान को खतरा बना है। थराली-कुराड़ मोटर मार्ग क्षतिग्रस्त होने से इसका मलबा बहकर तहसील मुख्यालय राड़ीबगड़ में आ रहा है। लोनिवि के अधिशासी अभियंता जितेंद्र कुमार का कहना है कि लगातार बारिश से सड़क खोलने में परेशानी हो रही है। बारिश बंद होने पर थराली-देवाल मोटर मार्ग खोलने के लिए जेसीबी लगा दी जाएगी। पीएमजीएसवाई के सहायक अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि थराली-देवाल मुख्य सड़क खुलने के बाद ग्रामीण सड़कों को खोल दिया जाएगा।