जोशीमठ। पैनखंड संघर्ष समिति और नीती घाटी के जनप्रतिनिधियों ने चमोली के नीती और माणा घाटियों से कैलाश मानसरोवर यात्रा शुरू करने की मांग के लिए घाटी के टिम्मरसैंण से गमशाली गांव (11 किमी) तक पदयात्रा की। यह यात्रा दो दिनों तक चली।
15 अगस्त को गमशाली में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को यात्रा दल को ज्ञापन सौंपना था, लेकिन सीएम के न पहुंचने पर दल के सदस्यों ने डीएम स्वाति एस भदौरिया के माध्यम से सीएम को ज्ञापन भेजा। सदस्यों ने कहा कि नीती और माणा घाटी से कैलाश मानसरोवर यात्रा अगर शुरू होती है तो द्वितीय रक्षा पंक्ति के गांवों का विकास होगा और पलायन भी रुकेगा। दल में संघर्ष समिति के अध्यक्ष रमेश चंद्र सती, संरक्षक भरत सिंह कुंवर, नीती गांव के प्रधान आशीष राणा, बलवीर रावत, ओम प्रकाश डोभाल, चंद्रमोहन पंवार, अभिषेक पंवार, अजीत पाल, सुखदेव सिंह, संदीप नौटियाल, पुष्कर सिंह भुजवाण, मनमोहन सिंह, महेंद्र भुजवाण, रणजीत सिंह, राकेश पंत और कैलाश नौटियाल आदि मौजूद थे।