गोपेश्वर। श्रमिकों के लिए शौचालय न बनाने पर जिला प्रशासन ने जल विद्युत परियोजना और अन्य निर्माण कार्य कर रही निर्माण एजेंसियों के प्रबंधकों को नोटिस भेजा है। जिला प्रशासन ने कंपनियों को शीघ्र श्रमिकों के लिए शौचालय की व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
चमोली जिला ओडीएफ (खुले में शौचमुक्त) घोषित हो चुका है, लेकिन जिले में निर्माणाधीन जल विद्युत परियोजना व अन्य निर्माण कार्य में लगे मजदूरों के लिए शौचालय की व्यवस्था नहीं की गई है। ऐसे में वे खुले में शौच करने को मजबूर हैं। इस पर प्रशासन ने हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट गोविंदघाट, पटेल इंजीनियर्स कंपनी पैनी, एलएंडटी कंपनी, जीएमआर (अलकनंदा), ऋषिगंगा पावर कारपोरेशन लि., हिम ऊर्जा तेफना और राष्ट्रीय राजमार्ग एवं अवसंरचना विकास निगम के प्रबंधकों को नोटिस जारी किए हैं। मुख्य विकास अधिकारी हंसादत्त पांडे ने कहा कि यदि किसी भी कंपनी व संस्था का मजदूर खुले में शौच करते हुए पकड़ा गया तो संबंधित संस्था के खिलाफ अर्थदंड वसूला जाएगा। उन्होंने परियोजनाओं और निर्माणदायी संस्थाओं से निर्माण कार्य शुरू करने से पूर्व शौचालय की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए।