गोपेश्वर। घाट और पोखरी ब्लॉक के गांवों में बिजली व्यवस्था का जिम्मा संभाले संविदा विद्युत कर्मियों ने अप्रैल माह से मेहनताना न मिलने पर ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता का घेराव किया। आक्रोशित कर्मचारियों ने कहा कि ऊर्जा निगम की ओर से कर्मचारियों की अनदेखी की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी यदि शीघ्र अनुबंध कर मेहनताने का भुगतान नहीं किया गया तो ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत व्यवस्था का जिम्मा छोड़ दिया जाएगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली व्यवस्था सुचारु रखने के लिए ऊर्जा निगम की ओर से प्रतिवर्ष ठेकेदार के साथ अनुबंध पर संविदा विद्युत कर्मियों की तैनाती जाती है, लेकिन इस वर्ष अप्रैल माह से इनका अनुबंध नहीं हो पाया है। बुधवार को सभी विद्युत कर्मी सुबह ग्यारह बजे ऊर्जा निगम के ईई के दफ्तर में पहुंचे और उनका घेराव किया। लाइनमैन धर्मेंद्र सिंह, विजय लाल और रमेश लाल का कहना है कि इन दिनों आपदा से जगह-जगह बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हो रही हैं। जन जोखिम में डालकर बिजली व्यवस्था सुचारु कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि शीघ्र उनका मेहनताना नहीं दिया गया तो वे गांवों की विद्युत व्यवस्था का जिम्मा छोड़ देेंगे। इधर, ऊर्जा निगम के ईई कैलाश कुमार का कहना है कि मई माह में लाइनमैन के अनुबंध की पत्रावलियां मंडल कार्यालय को भेजी जा चुकी हैं, लेकिन अभी तक ठेकेदार का अनुबंध नहीं हो पाया है। इस संबंध में दोबारा पत्रावलियां भेजी जाएंगी। शीघ्र ही सभी लाइनमैन को मेहनताने का भुगतान कर दिया जाएगा। तब विद्युत कर्मी शांत हुए। इस मौके पर लाइनमैन भगत सिंह, नागेंद्र, सुरेंद्र सिंह, संजय कुमार, दिगंबर सिंह, राकेश सिंह आदि मौजूद थे।