गोपेश्वर। गांव बसाओ-प्रदेश बचाओ अभियान के तहत उक्रांद कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट परिसर में प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर धरना दिया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि भाजपा और कांग्रेस प्रदेश के खजाने को बारी-बारी से लूटने में लगे हैं। दल ने राज्य की स्थायी राजधानी गैरसैंण घोषित करने, पलायन रोकने के लिए ठोस नीति बनाने समेत 14 सूत्री मांग को लेकर सीएम को ज्ञापन भेजा। प्रदर्शन में रुद्रप्रयाग से भी दल के अध्यक्ष राजेंद्र नौटियाल, और उपाध्यक्ष अवतार सिंह राणा भी शामिल हुए।
धरना स्थल पर हुई सभा में प्रवासी प्रकोष्ठ के अध्यक्ष देवेश्वर भट्ट और मुख्य प्रवक्ता सतीश सेमवाल ने कहा कि उत्तराखंड राज्य की स्थापना का मुख्य उद्देश्य सीमांत क्षेत्रों तक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना था, लेकिन आज भी राज्य विकास में बहुत पीछे है। उन्होंने राज्य के मूल निवासियों को स्थायी निवासी की बाध्यता समाप्त कर मूल निवास प्रमाणपत्र निर्गत करने, युवाओं को परियोजनाओं में 80 फीसदी रोजगार देने, सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानों में खाद्यान्न उपलब्ध कराने, विभिन्न विभागों में संविदा कर्मचारियों को स्थायी नियुक्ति देने और राज्य आंदोलनकारियों का चिह्निकरण कर पेंशन में बढ़ोत्तरी की मांग उठाई। इस मौके पर जिलाध्यक्ष अब्बल सिंह भंडारी, सत्य प्रकाश सती, बच्चीराम उनियाल, महिपाल सिंह, डा. वाईएन भट्ट, सीमा चौहान, वीरेंद्र असवाल, केशवानंद, विक्रम सिंह, संजय सिंह और भगत सिंह आदि मौजूद थे।