ब्यूरो/अमर उजाला/कालसी।
जागृति युवा संगठन ग्राम कांडी की ओर से आयोजित दो दिवसीय खेलकूद और सांस्कृतिक महोत्सव का पहला दिन लोक संस्कृति के नाम रहा। धुमसू मंच के कलाकारों ने जौनसारी संस्कृति की मनमोहक छटा बिखेरी। लोक गायक शिवा सरगम, बारू निराला, अर्जुन मस्ताना, अनुष्का कुंवर, संतराम कुंवर और सुनील चौहान के गीतों पर जमकर झूमे। शुभारंभ रूपऊ के प्रधान सरदार सिंह चौहान बीडीसी मेंबर रीना रावत ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम में लोक गायक शिवा संरगम ने महासू वंदना की प्रस्तुती दी। उनके जशा शूड़ी दा, मोड़े रे मोडाई गीत पर लोग जमकर झूमे। धूमसू मंच और स्वराजंली संगीत विद्यालय के कलाकारों ने पंजाबी, हरियाणी, हिमाचली और जौनसारी गीतों पर नृत्य की प्रस्तुति दी। शांति वर्मा ने छुमका लाइणा गीत की प्रस्तुति दी। अर्जुन मस्ताना के पाणी री टांकी ओ माई रामा, मेरा हिमाचल बड़ा बांका गीतों पर लोग जमकर झूमे। लोक गायक बारू निराला ने काटो तो कमाइशा गीत प्रस्तुत किया। उत्तराखंड पुलिस के जवान सुनील चौहान ने पंद्रह गते फागूणा ली गीत प्रस्तुत किया। सुल्तान राजगुरु ने लोगों को खूब गुदगुदाया। संचालन लोक गायक श्याम कुंवर ने किया। इस मौके पर कुंदन रावत, हंसराम रावत, अतर सिंह, संगठन अध्यक्ष गोपाल कुंवर, हरि सिंह, तुलसीराम, जालम सिंह, कुंदन चौहान, जयपाल चौहान, प्रताप, शोभाराम, चम्मो देवी, जगो देवी, शीला रावत, बलवीर चौहान, नरेंद्र चौहान, रतन रावत मौजूद रहे।