ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
मसूरी। चीन की दमकनकारी नीतियों के खिलाफ केंद्रीय तिब्बती महिला संगठन की महिलाओं ने बृहस्पतिवार को मसूरी में कैंडल मार्च निकाला और चीन सरकार से 11वें पंचम लामा के जीवित होने के प्रमाण देने की मांग की। कैंडल मार्च में बड़ी संख्या में तिब्बती समुदाय के स्त्री-पुरुषों ने भाग लिया।
तिब्बती वूमेन एसोसिएशन की नामग्याल डोलकर, शिरिंग डोलकर, ताशी और कलसांग डोलमा के अनुसार 23 वर्ष पहले चीनी सरकार ने 11वें पंचम लामा गैंडून चौकी नीमा का अपहरण कर लिया था। इसके बाद से चीनी सरकार पंचम लामा के बारे में कोई जानकारी नहीं दे रही है। यह उनके धर्म गुरु दलाई लामा का तिब्बत में प्रभाव कम करने की चीन सरकार की चाल है। संगठन की मांग है कि चीन सरकार पंचम लामा को रिहा करे और उनके स्वस्थ्य होने की पुख्ता जानकारी दे। इसी को लेकर केंद्रीय तिब्बती महिला संगठन की महिलाओं ने बृहस्पतिवार को हैप्पीवैली से जीरो प्वाइंट- इंद्राभवन-गांधी चौक-मालरोड़ होते हुए पिक्चर पैलेस तक कैंडिल मार्च निकाला। कैंडल मार्च में बड़ी संख्या में तिब्बती समुदाय के स्त्री-पुरुष शामिल रहे।