ब्यूरो/अमर उजाला,रायवाला।
गौहरीमाफी में बाढ़ सुरक्षा कार्यों की मांग को लेकर 136 दिनों से धरने पर बैठे ग्रामीणों का धरना सोमवार को समाप्त हो गया है। गौहरीमाफी में बरसात से पहले फौरी तौर पर सुरक्षात्मक कार्य शुरू कर दिए गए हैं। विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने अस्थाई सुरक्षात्मक कार्य शुरू होने के आश्वासन के साथ धरनारत ग्रामीणों को जूस पिलाकर समाप्त करा दिया। सिंचाई विभाग की ओर से अस्थायी राहत के लिए बाढ़ के खतरे वाले स्थानों पर सौंग नदी की धारा परिवर्तन करने के लिए पत्थर और तारजाल लगाने का कार्य किया जा रहा है।
सोमवार को विधानसभा अध्यक्ष ने बाढ़ नियंत्रण विभाग की ओर से अस्थाई बाढ़ सुरक्षा कार्यों का शुभारंभ किया। इस मौके पर उन्होंने बताया कि गांव को बरसात से पहले अस्थाई तौर से सुरक्षा के लिए जिला प्रशासन के बाढ़ नियंत्रण मद से सौंग नदी और गांव की सीमा पर अस्थाई तटबंध निर्माण कार्य शुरू किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों को आने वाले बरसात के सीजन में सुरक्षा मिल सकेगी। इसके अलावा पक्के सुरक्षा कार्यों के लिए प्रस्तावित योजना का प्रस्ताव केंद्र सरकार को भेजा गया है, जिसके स्वीकृत होते ही बाढ़ सुरक्षा के तहत पक्के तटबंध का निर्माण कराया जाएगा।
सिंचाई विभाग द्वारा इस साल बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य कराए जाने को लेकर मौके पर मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली। उन्होंने इसके लिए विधानसभा अध्यक्ष का आभार जताया। मौके पर सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता डीके सिंह, सहायक अभियंता सुधीर कुमार ममगाईं, अवर अभियंता कुलदीप सिंह के अलावा ग्राम प्रधान सरिता रतूड़ी, पूर्व ग्राम प्रधान संजय पोखरियाल, मेहरबान सिंहत रावत, नत्थी सिंह कंडियाल, सूरत सिंह चौहान, धनीराम जोशी, रामचंद्र जोशी, मूर्तिराम नेगी, डबल सिंह नेगी, विमला पंवार, विजय रावत, सुंदरा जोशी, कमला सेमवाल, बचनदेई रावत, विमला नौटियाल आदि रहे।