कर्णप्रयाग। जंगल की आग से निपटने के लिए प्रशासन वन पंचायतों, महिला और युवक मंगल दलों से भी सहयोग लेने की बात कह रहा है, इसके बाद भी कर्णप्रयाग, पोखरी, नारायणबगड़, थराली सहित आदिबदरी के आस पास के करीब 5 हेक्टेयर से अधिक जंगल आग की भेंट चढ़ चुके हैं। कर्णप्रयाग के एसडीएम केएन गोस्वामी ने बताया कि वनों को आग से बचाने के लिए तहसील की सभी वन पंचायतों को सक्रिय किया जा रहा है। इसके लिए निष्क्रय पड़ी करीब 120 वन पंचायतों के पुनर्गठन के आदेश राजस्व उपनिरीक्षकों को दिए गए हैं। साथ ही दावानल को एक आपदा के तौर पर लेते हुए आपदा प्रबंधन की तरह ही आग से जंगलों को बचाने के लिए प्रयास किए जाने की कार्रवाई की जा रही है।