ब्यूरो/अमर उजाला/कालसी।
दो सूत्रीय मांगों को लेकर वन आरक्षी/वन बीट अधिकारी संघ का कालसी और चकराता वन प्रभाग कार्यालय में धरना प्रदर्शन शनिवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार और विभागीय अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।
अध्यक्ष किशन नेगी और सचिव देवेंद्र मिश्रा ने कहा कि प्रदेश सरकार कर्मचारियों की उपेक्षा कर रही है। कर्मियों का पक्ष जाने बिना ही प्रदेश सरकार ने वन दरोगा के 33 प्रतिशत पदों को सीधी भर्ती से भरने का निर्णय ले लिया। इसका संघ विरोध करता है। उन्होंने वन दरोगा के पदों पर पदोन्नति के लिए 10 वर्ष की बाध्यता को भी समाप्त करने की मांग की। धरना प्रदर्शन करने वालों में लक्ष्मी पंवार, सुमेर चंद पांडेय, आनंद सिंह, कमल नयन, शूर सिंह नेगी, हृदेश, जवाहर सिंह प्रदीप सक्सेना, गब्बर सिंह, रमेश सक्सेना, वीरेंद्र रावत, मेहरबान बिष्ट, वर्षा रानी, रोहित कुमार, मनजीत सिंह, विक्रम सिंह, भगत सिंह आदि शामिल रहे।
उधर, कालसी में प्रदर्शन करने वालों में दीपक उनियाल, प्रकाश अंथवाल, जमर नौटियाल, रवि राठौर, खीमा दास, निधि कोटनाला, मीनाक्षी, रीता रमोला, अनीता, सीमा थापा, ललिता, अतर सिंह, मोहन लाल, संजीव दुबे, राजेश भंडारी, राजेश पाल, प्रदीप चौहान, संतराम, दीप राणा, लाखन सिंह, शूरवीर चौहान, सतपाल, अरुण रावत, उत्तम चंद, सुबोध पांडे, मनोज कुकरेती आदि शामिल रहे।