देवप्रयाग। तहसील की तीन ग्राम पंचायतों को कीर्तिनगर तहसील में शामिल किए जाने की संस्तुति क्षेत्र पंचायत समिति (बीडीसी) ने शासन को दी है। इस संबंध में पिछली क्षेत्र पंचायत देवप्रयाग (हिंडोलाखाल) की बैठक में भी सर्वसम्मित से प्रस्ताव पारित भी किया गया है।
करीब सवा साल पूर्व नवंबर 2016 में शासन ने देवप्रयाग तहसील को विभाजित करते हुए कीर्तिनगर तहसील (यहां पूर्व से ही विकास खंड कीर्तिनगर है) का सृजन किया। विकास खंड/तहसील देवप्रयाग की तीन ग्राम पंचायत क्वीली, कफल्ड और टकोली को कीर्तिनगर तहसील में शामिल नहीं किया गया।
ब्लाक प्रमुख जयपाल पंवार ने बताया कि ग्राम पंचायतों के ग्रामीण शुरू से ही कीर्तिनगर तहसील में शामिल किए जाने की मांग कर रहे थे। ग्राम प्रधान क्वीली राजेश्वर बडोनी के मुताबिक उनकी ग्राम पंचायत में मछियारी ऐसा गांव है, जहां के निवासी 6 किमी पैदल चलकर सड़क तक पहुंचते हैं। उसके बाद देवप्रयाग तहसील मुख्यालय तक जाने के लिए उन्हें 45 किमी का सफर तय करना पड़ता है। तीन ग्राम पंचायतों के गांवों क्वीली, सिलोड़, कांडीखाल, मछियारी, टोलू, टकोली, कंचनपुरी, उसांव व कफल्ड की आबादी करीब 1600 है। प्रधान कफल्ड राधाकृष्ण और प्रधान टकोली गणेश प्रसाद, पूर्व प्रधान राजेंद्र चंद ने बताया कि वह डाक, बिजली-पानी बिल व स्वास्थ्य सहित बाजार की खरीददारी के लिए कीर्तिनगर से ही जुड़े हैं। सिर्फ तहसील के कार्यों के लिए देवप्रयाग जाना पड़ता है।