फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तहसील के लम्कुंडी में आया भूकम्प

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
थराली। तहसील के लम्कुंडी गांव में आयोजित भूकंप की मॉकड्रिल में पुलिस और प्रशासन की सुस्ती दिखी। आपदा बचाव के कई कार्य सुस्त गति से करते हुए जवान दिखाई दिए तो एसडीएम और तहसीलदार मॉकड्रिल के लिए ही नहीं पहुंचे।
विज्ञापन

सोमवार को लम्कुंडी गांव में सुबह सवा दस बजे 5.8 रिक्टर पैमाने का भूकंप आने से लोग दहशत में आ गए। ग्रामीणों की सूचना पर तहसील प्रशासन का आपदा तंत्र हरकत में आया और कुछ मिनट की देरी के साथ पुलिस, फायर ब्रिगेड के साथ आपदा राहत टीमें प्रभावित गांव को रवाना हुईं। वहीं सुनला के पास चट्टान टूटने पर मार्ग बंद मिला। इस पर जेसीबी की सहायता से मार्ग खोला गया और टीम भूकंप प्रभावित गांव में पहुंचीं। आपदा प्रबंधन के कर्मियों के पहुंचने से पहले ही ग्रामीण मलबे में दबे घायलों को मकानों से निकालना शुरू कर दिया था। इसके बाद आपदा प्रबंधन दल ने तीन क्षतिग्रस्त मकानों से 4 घायलों को सुरक्षित बाहर निकाला और 108 सेवा से सीएचसी पहुंचाया। प्रशासन के अधिकारियों ने अन्य प्रभावित ग्रामीणों को टेंट, वस्त्र और खाद्य सामग्री मुहैया करके जान माल का आंकलन कर सूची बनाई।। तहसील में आयोजित मॉकड्रिल में एसडीएम और तहसीलदार की अनुपस्थिति में मॉकड्रिल की कमान राजस्व निरीक्षक और रजिस्ट्रार कानूनगो ने संभाली। इस मौके पर आर के गोबिंद लाल रौंतियाल, राजस्व निरीक्षक सुदर्शन सिंह बुटोला, उद्यान निरीक्षक डीएस भंडारी, कृषि अधिकारी डीपी सिंह, पुलिस उप निरीक्षक हेमकांत सेमवाल, अमित नौटियाल और कांस्टेबल सुमन आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें