टिहरी डैम की व्यथा सुनकर छलके आंसू
-- टिहरी महोत्सव के दूसरे दिन नरेंद्र सिंह नेगी और धूम सिंह के गानों पर झूमे दशर्क
अमर उजाला ब्यूरो
डोईवाला। अठूरवाला ग्राम सभा की ओर से आयोजित दो दिवसीय टिहरी महोत्सव के दूसरे दिन उत्तराखंड के लोक गायक नरेंद्र सिंह नेगी की प्रस्तुतियों पर जनसमुदाय मंत्रमुग्ध हो गया। नरेंद्र सिंह नेगी के ‘टिहरी डूबण लगयूं चा रे बेटा’ गाने पर दर्शकों के आंसू छलक पड़े। उन्होंने टिहरी का वो मंजर याद किया जब टिहरी जलमग्न हो गया था। सरस्वती शिशु विद्या मंदिर अठूरवाला, भानियावाला में टिहरी महोत्सव का दूसरा दिन लोकगायक नरेंद्र सिंह नेगी के नाम रहा। देर अपराह्न में महोत्सव में पहुंचे नेगी का लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ जोरदार स्वागत किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रम की शुरुआत गायक धूम सिंह रावत के गीत ‘मेरा पहाड़ मां ढोल दमों बाजाला’ से शुरू हुई। गायक गीताराम कंसवाल ने मां दुर्गा भवानी की प्रस्तुति दी। गायिका प्रमिला चमोली ने ‘बुरांस खिलिगे डांडी कांठ्यूं मां’ गीत प्रस्तुति से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। गायक रवि शाह ने ‘चैता की चैत्वाली’ की प्रस्तुति देकर लोगों को झूमने पर विवश कर दिया। इस दौरान उन्होंने ‘मेला खोल्यों मां खोल्या रोल्यू मां’ गाने से समां बांध दिया। नेगी की प्रस्तुतियों पर उपस्थित लोगों ने जमकर तालियां बजाकर उनका उत्साहवर्धन किया । टिहरी महोत्सव की आयोजिका ग्राम प्रधान मंजू चमोली ने शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिह्न भेंटकर सम्मानित किया। देर शाम तक सांस्कृतिक कार्यक्रमों में लोग झूमते रहे।