ब्यूरो/अमर उजाला
साहिया।
बोर्ड परीक्षाएं शुरू होने में एक माह का समय बचा है। बावजूद इसके अब तक कालसी प्रखंड के ज्यादातर स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं। इन स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को अंग्रेजी, सामाजिक विज्ञान जैसे विषयों की तैयारी जहां मॉडल और गाइडों के सहारे करनी पड़ रही है। वहीं विज्ञान और गणित विषय के लिए ट्यूशन का सहारा लेना पड़ रहा है।
वर्तमान सत्र में कालसी प्रखंड अंतर्गत 14 इंटर कॉलेज ऐसे हैं जो शिक्षकों की कमी से जूझ रहे हैं। इन स्कूलों में इस समय प्रवक्ताओं के 21 पद रिक्त पड़े हैं। अभिभावक दीवार सिंह तोमर, अनीता निराला, कंपाल पंवार का कहना है कि कई बार के पत्राचार के बाद भी विभाग स्कूलों में शिक्षकों की तैनाती नहीं कर रहा है। जिसका खामियाजा छात्रों को उठाना पड़ता है। शिक्षक तैनाती न होने का सीधा असर छात्रों के रिजल्ट पर पड़ता है। कई छात्र गरीब वर्ग से हैं। जिनके लिए ट्यूशन लगाना भी मुमकिन नहीं।
वहीं खंड शिक्षाधिकारी आरएस राणा ने कहा कि रिक्त पदों को भरने के प्रयास जारी है। हाल ही में रिक्त पदों पर 15 प्रवक्ता और 9 एलटी गेस्ट टीचरों की नियुक्ति की गई है।
इन स्कूलों में रिक्त पद
प्रखंड के राजकीय इंटर कॉलेज साहिया, कच्छटा-गांगरौ, नगऊखेत, कोरूवा, मुंधान, नागथात समेत 14 इंटर कॉलेज ऐसे हैं जो शिक्षकों की भारी कमी से जूझ रहे हैं। इन स्कूूलों में अंग्रेजी, सामाजिक विज्ञान, राजनीतिक विज्ञान, गणित, विज्ञान विषयों के प्रवक्ता के पद रिक्त हैं।