नारायणबगड़। झिंझौणी गांव के युवक सुभाष की हत्या के मामले में राजस्व पुलिस ने मृतक की भाभी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है। मामले में बबीता के अलावा मृतक के पिता, मां, बहनोई और दो अन्य को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है। घटना के साक्ष्य मिटाने के आरोप में अभी अन्य गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं।
दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करने वाले झिंझौणी गांव के युवक सुभाष की 10 जून की रात को घर में हत्या हो गई थी और जंगल में शव जला दिया गया था। 13 जून को मृतक के ससुर महिपाल सिंह ने राजस्व पुलिस में मृतक के पिता रेवत सिंह, मां राजुलि देवी, बहनोई इंद्र सिंह और भाभी बबीता पर हत्या का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया था। इसके बाद जांच शुरू हुई तो राजस्व उपनिरीक्षक पंकज सजवाण ने बीस जून को आरोपी पिता रेवत सिंह, मां राजुलि देवी के अलावा दो अन्य ग्रामीण त्रिलोक सिंह और सुरेंद्र सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। अन्य आरोपी इंद्र सिंह को 27 जून को जेल भेजा गया। मामले में पुलिस ने अब मृतक की भाभी और नामजद आरोपी बबीता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पंकज सजवाण ने बताया कि अभी जांच जारी है और घटना के साक्ष्य मिटाने के आरोप में कई अन्य ग्रामीणों को गिरफ्तार किया जा सकता है।
पुलिस के साथ लगे अहम सुराग
नारायणबगड़। सुभाष की मौत के मामले में बीस दिनों से जांच कर रही पुलिस के हाथ कई अहम सुराग लगे हैं। राजस्व उपनिरीक्षक और जांच अधिकारी पंकज सजवाण ने बताया कि मृतक की आंख, शरीर, सिर पर कई घाव और गले पर भी निशान होने की जानकारी मिली है। युवक की हत्या क्यों की गई इसका खुलासा भी जल्द किया जाएगा।