जोशीमठ। ऑलवेदर रोड के तहत हेलंग-मारवाड़ी बाईपास मार्ग के विरोध में शुक्रवार को जोशीमठ की जनता सड़क पर उतर आई। व्यवसायियों ने दुकानें बंद कर जुलूस-प्रदर्शन किया। लोगों ने कहा कि बदरीनाथ हाईवे का निर्माण यदि हेलंग से मारवाड़ी तक हो गया तो पर्यटन नगरी जोशीमठ के तीर्थाटन और पर्यटन पर बुरा प्रभाव पड़ेगा। दिनभर जोशीमठ बाजार बंद रहने से यहां पहुंचे पर्यटकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। यहां चाय की दुकानें भी नहीं खुलीं।
शुक्रवार सुबह से ही व्यवसायियों ने प्रतिष्ठान नहीं खोले। सुबह 11 बजे स्थानीय लोग और व्यवसायी बदरीनाथ चौराहे पर एकत्रित हुए और यहां से मुख्य बाजार तक ऑलवेदर रोड के विरोध में जुलूस-प्रदर्शन किया। मुख्य बाजार से होते हुए जुलूस तहसील परिसर पहुंचा और एसडीएम के माध्यम से केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को ज्ञापन भेजा।
यहां आयोजित एक सभा में लोगों ने कहा कि बदरीनाथ हाईवे का निर्माण हेलंग से मारवाड़ी तक होने से जोशीमठ का अस्तित्व समाप्त हो जाएगा। शास्त्रों में कहा गया है कि नृसिंह मंदिर के दर्शन किए बिना भगवान बदरीनाथ की यात्रा सफल नहीं मानी जाती है। साथ ही जोशीमठ में व्यवसाय चौपट हो जाएगा। इस मौके पर भाजपा के अनुसूचित जनजाति प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष रामकिशन सिंह रावत, पालिका अध्यक्ष रोहिणी रावत, पूर्व पालिका अध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती, रमेश चंद्र सती, ठाकुर सिंह रावत, नैन सिंह भंडारी और चंडी प्रसाद बहुगुणा सहित कई लोग मौजूद थे।