अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
अखिल भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने सहायक गन्ना आयुक्त कार्यालय पर धरना- प्रदर्शन करते हुए किसानों के हित में आवाज उठाई। उन्होंने चीनी मिल क्षेत्र से बाहरी गन्ना लेने का विरोध किया और घटतौली दूर करने के साथ एक पर्ची पर 100 क्विंटल से अधिक गन्ना न खरीदने की आवाज उठाई। किसानों की मांग पर सहायक गन्ना आयुक्त ने उनकी मांगों को पूरी करने का आश्वासन दिया।
शुक्रवार को अखिल भारतीय किसान यूनियन के किसानों ने ज्वालापुर स्थित सहायक गन्ना आयुक्त कार्यालय पर सुबह 10 बजे से धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान किसानों ने उनकी उपेक्षा करने का आरोप लगाते हुए अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। यूनियन के जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह ने बताया कि उनकी मांगों में अन्य प्रदेशों के साथ चीनी मिल क्षेत्र से बाहर के गन्ने की सप्लाई को रोका जाए। पर्ची पर 100 क्विंटल तक गन्ना तोला जाए। सामान्य गन्ने का इंडेट जारी किया जाए। इकबालपुर चीनी मिल का भुगतान किया जाए। मिल यार्ड में पानी व विश्राम की व्यवस्था की जाए। एक पंजा किसानों को दिया जाए। किसानों का भुगतान एक हफ्ते में किया जाए और घटतौली पर रोक लगाई जाए। किसानों की मांग पर उत्तम चीनी मिल के वरिष्ठ गन्ना प्रबंधक अनिल सिंह भी मौके पर पहुंचे और सहायक गन्ना आयुक्त आशीष सिंह नेगी ने किसानों को दोपहर बाद किसानों से वार्ता की। जिस पर किसानों ने अपनी मांगे उठाई। राकेश लौहान ने बताया कि सहायक गन्ना आयुक्त ने बाहरी गन्ना तल्काल रोकने के साथ सामान्य गन्ने की तौल के लिए 22 नवंबर को जारी कर देने को आश्वस्त किया। भुगतान आदि पर चीनी मिल को भी निर्देशित करने का आश्वासन दिया। धरने की अध्यक्षता सुमंत आर्य ने की। संचालन वीरेंद्र राठी ने किया। इस मौके पर बलजौर, देवेंद्र, लालू, धर्मेंद्र बहादरपुर जट्ट, सुरेंद्र राठी, उदेश, बिट्टू, कातिक चौधरी, चंद्रपाल सेठ, भीम, अशोक राणा, सुखपाल राठी, अनिल कुमार, सचिन राठी आदि शामिल हुए।