श्रीनगर। गढ़वाल विवि के शिक्षणेत्तर कर्मचारी परिषद के पदाधिकारियों ने पत्रकार वार्ता में कहा कि विवि में भ्रष्टाचार के मामलों की जांच की जानी चाहिए।
मंगलवार को परिषद के पदाधिकारियों ने प्रेस वार्ता कर भ्रष्टाचार के मामलों की जांच वर्ष 2009 से की जानी चाहिए। इसके अलावा परिषद ने यूजीसी से रेशनलाइजेशन प्रक्रिया स्वीकृत होने पर कुलपति प्रो. जेएल कौल व प्रति कुलपति प्रो. डीएस नेगी का सहयोग के लिए आभार जताया। परिषद के अध्यक्ष राजेंद्र भंडारी व महासचिव सुनील रावत ने कहा कि यूजीसी से स्वीकृत रेशनलाइजेशन जल्द विवि में लागू किया जाएगा, जिसके बाद कई वर्षों की पदोन्नतियां, वेतनमान आदि का भी निस्तारण किया जाएगा। वर्ष 2009 के बाद सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों को भी वेतनमान व रेशनलाइजेशन का लाभ मिलेगा। भंडारी ने कहा कि परिषद ने एक वर्ष के कार्यकाल में कर्मचारियों के लिए गृह एवं वाहन ऋण, एमटीएस व चालकों के लिए वर्दी, सीआरआर आदि उपलब्धियां हासिल की हैं। पत्रकार वार्ता में परिषद के उपाध्यक्ष सुनील रावत, धर्मपाल सिंह, कुलदीप सिंह रावत सहित अन्य पदाधिकारी व कर्मचारी मौजूद थे।