देवाल। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि देवाल की देवसारी जलविद्युत परियोजना का निर्माण जल्द ही शुरू किया जाएगा। 252 मेगावाट की यह परियोजना क्षेत्र के लिए वरदान साबित होगी। सीएम ने कहा कि सरकार वर्ष 2019 तक प्रदेश के सभी गांवों में बिजली मुहैया कराएगी।
मुख्यमंत्री रावत मंगलवार को चमोली जिले की दूरस्थ ग्राम पंचायत हिमनी के बहतरा गांव में किसानों द्वारा उगाई गई मटर की फसल के कटान कार्यक्रम में पहुंचे थे। इस दौरान किसानों को खेेती के लिए प्रोत्सहित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में इस क्षेत्र में मटर की खेती को बड़े स्तर पर किया जाएगा। इसके लिए पांच करोड़ का लक्ष्य रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि दूरस्थ गांवों में दूरसंचार सुविधा के लिए सरकार बैलून टेक्नोलॉजी का प्रयोग करेगी, जिसकी शुरूआत हिमनी गांव से की जाएगी। जनता की मांग पर मुख्यमंत्री ने घेस में कृषि भंडारण केंद्र का उच्चीकरण, वन विभाग के गेस्ट हाउस का जीर्णोद्धार, राइंका घेस में शिक्षक की व्यवस्था करने का आश्वासन दिया।
विधायक मगन लाल शाह ने आली-बुग्याल में रोप वे बनाने, बिजली से जोड़ने, मोबाइल टावर लगाने, देवाल में कोल्ड स्टोर बनाने और देवसारी परियोजना के शीघ्र निर्माण की मांग की। कार्यक्रम का संचालन दलबीर दानू ने किया। इस दौरान विधायक सुरेंद्र सिंह नेगी, जिला पंचायत अध्यक्ष मुन्नी देवी शाह, गढ़वाल कमिश्नर दलीप जावलकर, सचिव डी सैंथिंल पांडियन, डीएम आशीष जोशी, एसपी तृप्ति भट्ट, देवाल की प्रमुख उर्मिला बिष्ट, थराली के प्रमुख राकेश जोशी, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह रावत, बलबीर घुनियाल, दर्शन दानू, सुरेश कुमार, केडी मिश्रा, जीवन मिश्रा, रिपदुमन रावत, महाबीर बिष्ट, नंदा देवी, नंदी कुनियाल, मंजू परिहार, हरकी देवी आदि मौजूद थे।
सीएम को सौंपे ज्ञापन
देवाल। हिमनी गांव पहुंचे मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने विभिन्न समस्याओं को ज्ञापन सौंपे। प्रमुख उर्मिला बिष्ट ने ल्वाड़ी में एएनएम सेंटर खोलने, घेस, हिमनी, बलाड़ सहित अन्य गांवों का विद्युतीकरण करने, खेता-मानमती-हरमल मार्ग का निर्माण सहित अन्य मांगों का ज्ञापन सौंपा।