देवाल/कर्णप्रयाग। शारदीय नवरात्रा पर देवी के मंदिरों में श्रद्धालुओं ने पूजा कर सुख-समृद्धि की कामना की। देवाल में महिलाओं ने भव्य जल कलश यात्रा के साथ दस दिवसीय दुर्गा महोत्सव शुरू हुआ। आचार्यों ने दुर्गा सप्तशती मंत्रों के साथ नव दुर्गा की पूजा की। बंगाल के मूर्तिकारों की ओर से नव दुर्गा की मूर्तियां बनाई गई हैं। समिति के अध्यक्ष कपूर मिश्रा ने बताया कि दस दिवसीय दुर्गा महोत्सव में हल्द्वानी, अल्मोड़ा सहित क्षेत्र के लोक कलाकार भजनों की प्रस्तुतियां देंगे और रात्रि को जागरण होगा। इस मौके पर दुर्गा महोत्सव समिति के पंडित हंसा प्रसाद मिश्रा, सचिव कमलेश मिश्रा, कोषाध्यक्ष नंदकिशोर मिश्रा, कुरूड़ मंदिर समिति के ललिता प्रसाद गौड़, कैलाश चंद्र, मोहित मिश्रा, बसंत बल्लभ, दिनेश चंद्र, लक्ष्मी दत्त, गणेश चंद्र सहित सैकड़ों श्रद्धालु मौजूद थे। वहीं कर्णप्रयाग के पौराणिक उमा देवी, राजराजेश्वरी चंडिका मंदिर सिमली, लंगासू और मैखुरा, नंदाधाम नौटी, महाकाली मंदिर गौचर और कंडारा, चांदपुर गढ़ी, नारायणबगड़, थराली, गैरसैंण, आदिबदरी के देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं ने पूजा की।