अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन (यूएफबीयू) के आह्वान पर बैंक यूनियन के पदाधिकारी और सदस्य 15 सितंबर को दिल्ली जाएंगे। इस दौरान संसद कूच करते हुए घेराव करेंगे। उनके तीन मुद्दों पर विरोध और दह मांगे शामिल हैं। हालांकि इस दिन बैंकों में काम होगा।
एसबीआई, पीएनबी, बैंक ऑफ बडौदा, इलाहाबाद बैंक, यूनियन बैंक, यूको बैंक आदि बैंकों की यूनियन के पदाधिकारी और सदस्य यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के बैनर तले 15 सितंबर को दिल्ली के लिए कूच करेंगे। संबद्ध यूनियन आल इंडिया बैंक इंपलाइज यूनियन के प्रदेश के ज्वाइंट सचिव धीरज बिष्ट ने बताया कि उनका विरोध तीन मांगों को लेकर है जिनमें जन-विरोधी बैंकिंग सुधारों का, कॉरपोरेट अनार्जक आस्तियों को बट्टे खातों में डालने और बैंक शुल्कों में वृद्धि का है। इन्हीं के साथ उनकी 6 मांगे भी है। जिनमें अनार्जक आस्तियों की वसूली पर संसदीय समिति की अनुशंसाओं को लागू करने की, खराब ऋणों की वसूली के लिए कठोर उपायों की, प्रस्तावित एफआरडीआई बिल की वापसी की, बैंक बोर्ड ब्यूरो के उन्मूलन की, सभी संवर्गों में पर्याप्त भर्ती की, कर्मचारियों से संबंधित मुद्दों के सम्मान की है। उन्होंने कहा कि पूर्व में किए आंदोलनों पर उनकी मांगों पर कोई कार्रवाई नहीं सकी है। जिस पर दिल्ली कूच करने का निर्णय लेना पड़ा है।