फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नमो नाद से लगे उम्मीदों को पंख

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
चार दिनों तक संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज के प्रेमनगर आश्रम में चली ढोल-दामाऊं कार्यशाला उम्मीदों को नए पंख लगाने में कई मायनों में बेजोड़ रही। इस कार्यशाला ने उपेक्षा की जिंदगी जी रहे बाजीगीरों को अब उम्मीद हो चली है कि सूचीबद्ध होने के बाद उनके भी अच्छे दिन आ सकते हैं। सरकार की ओर से पेंशन देने के मानकों में नरमी की भी उम्मीद जगी है। यह आश्वासन भी मिला कि सरकारी आयोजनों में सूचीबद्ध बाजीगीरों को प्रस्तुति देने का मौका दिया जाएगा। पंजीकरण के बाद सूचीबद्ध होने वालों को विभाग की ओर से समय-समय पर लागू की जाने वाली कल्याणकारी योजनाओं का लाभ भी मिलेगा।
संस्कृति विभाग ने उत्तराखंड में ढोल दमाऊं समेत अन्य वाद्य यंत्र बजाने वाले बाजीगीरों को पंजीकृत किया हुआ है। पंजीकृत कलाकारों को संस्कृति विभाग की ओर से प्रदेश में होने वाले कार्यक्रमों में बुलाया जाता है, लेकिन अन्य इसका लाभ उठा पाने से वंचित हैं। हरिद्वार में हुई इस कार्यशाला में आए सभी बीजीगीरों को यहां पंजीकरण के बारे में बताया गया। पहचान के लिए उन्हें एक-एक पहचान-पत्र भी उपलब्ध कराया गया। अब विभाग ने अक्तूबर से इन बाजीगीरों को सूचीबद्ध करने की तैयारी कर ली है। इससे उन्हें बाहरी राज्यों में भी अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। बाहरी राज्यों में जाने वालों कलाकारों का पूरा खर्च संस्कृति विभाग उठाएगा। टोलियों के माध्यम से कलाकारों को सूचीबद्ध किया जाएगा। एक टोली में 8 से 12 सदस्य शामिल होंगे। अक्तूबर माह में कार्यक्रम आयोजित कर अच्छा प्रदर्शन करने वाले कलाकार सूचीबद्ध होंगे। उधर सूचना एवं लोक संपर्क विभाग ने लोक संस्कृति कलाकारों के चयन के लिए कैंप लगाने की भी बात कही है। इन कैंपों के माध्यम से राज्य सरकार की योजनाओं को घर- घर तक पहुंचाने के लिए लोक कलाकारों का चयन किया जाएगा। संस्कृति विभाग के उद्घोषक बलराज नेगी ने बताया कि विभाग कलाकारों को सूचीबद्ध करने का काम जल्द ही शुरू करने वाला है।
विज्ञापन
विज्ञापन


फिल्मों में देंगे मौका
जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण ने दावा किया कि ढोल और दमाऊं बजाने में अच्छा प्रदर्शन करने वाले कलाकारों को वह फिल्मों में अपने गाने के साथ बजाने का मौका देंगे। हालांकि अभी कुछ ही कलाकार उनके साथ बजाते हैं, लेकिन उन्होंने कहा कि अच्छा प्रदर्शन करने वालों को आगे बढ़ाया जाएगा।आंचलिक फिल्मों में भी ऐसे कलाकारों को अवसर मिले, इसके लिए वे अपने स्तर के साथ ही सरकार से भी कार्रवाई कराने का आग्रह करेंगे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें