बरसात में बाढ़ से बचाने के लिए प्रशासन ने बाढ़ राहत चौकियां तो खोल दी हैं, लेकिन रुड़की में खोली गई चौकी का आलम यह है कि यहां अभी तक छह कर्मचारी एक भी दिन नहीं पहुंचे हैं।
15 जून से बाढ़ राहत चौकियां स्थापित कर दी गई हैं। इन पर आपातकालीन स्थिति में लोगों को मदद पहुंचाने के लिए कर्मचारी तैनात किए गए हैं, लेकिन लापरवाही का आलम यह है कि रुड़की में बढ़ेड़ी राजपूतान में बनाई गई चौकी पर कर्मचारी नहीं पहुंच रहे हैं। यहां तीन पालियों के लिए नौ कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई है। प्रथम पाली के लिए प्रवीण कुमार आर्य, अमित कुमार, सरिता रानी, द्वितीय पाली के लिए राजकुमार शर्मा, सुधीर कुमार, मीनू सैनी, तृतीय पाली के लिए महावीर सिंह, ऋषिपाल और कुशलवीर सिंह को तैनात किया गया है, लेकिन तीनों दिनों में से केवल अभी तक मीनू सैनी और सरिता रानी ड्यूटी कर रही हैं। बाकी सभी छह कर्मचारी एक भी दिन चौकी पर नहीं पहुंचे। शनिवार को चौकी का निरीक्षण करने पहुंचे ज्वाइंट मजिस्ट्रेट मयूर दीक्षित के निरीक्षण में यह खुलासा हुआ है। गैर हाजिर चल रहे सभी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने शुरू कर दी है। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों को नोटिस भेजकर जवाब मांगा जाएगा।