ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
सिखों के दसवें गुरु श्री गुरु गोबिंद सिंह का पावन प्रकाशोत्सव सोमवार को कथा-कीर्तन के साथ श्रद्धापूर्वक मनाया गया। गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा, आढ़त बाजार के तत्वाधान में रेस कोर्स स्थित गुरुद्वारा में प्रात: नितनेम और अरदास के बाद भाई सतनात सिंह हजूरी रागी दरबार श्री अमृतसर वालों ने आसा दी वार शबद से संगत को निहाल किया।
भाई सतवंत सिंह ने चितन भयो हमरो आवन कै चुभी रही सुत प्रभचरणन में, भाई जसविंदर सिंह ने गुर के दर्शन देख-देख जीवा, भाई चरणजीत सिंह ने गुरु गोबिंद पारबृहम पुरा तिसे अराध मेरा मन धीरा, भाई देवेंद्र सिंह ने हे रब हे सस मेरी अभय विनती सुन ली जौ, रागी अरविंद्र सिंह नूर ने मित्र प्यारे नू कहना, हाल मुरीदा दा... शबद का गायन कर संगतों को निहाल किया। हेड ग्रंथी भाई शमशेर सिंह ने गुरु की महिमा का बखान करते हुए कहा कि गुरु गोबिंद सिंह ने बचपन में ही लोगों के मन से जो बादशाहों के जुल्म का डर निकाल दिया। गुरु महाराज सभी धर्मों का आदर सत्कार और जरूरतमंदों की सहायता करते थे। उन्होंने प्राणियों को अमृत पान करा जातपात का भेदभाव खत्म कर दिया। बेसहारों और हिंदू धर्म की रक्षा के लिए गुरु गोबिंद सिंह ने अपना पूरा परिवार तक न्योछावर कर दिया। पांवटा साहिब, हिमाचल प्रदेश से पधारे ज्ञानी निशान सिंह ने कहा गुरु महाराज ने जनेऊ की रक्षा के लिए परिवार का बलिदान दे दिया। उन्होंने अपने जीवनकाल में कई युद्ध लड़े और सभी में विजय प्राप्त की।
इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट, भाजपा संगठन महामंत्री संजय कुमार, पूर्व भाजपा महानगर अध्यक्ष उमेश अग्रवाल, प्रदेश भाजपा सह मीडिया प्रभारी बलजीत सिंह सोनी, पूर्व कैबिनेट मंत्री दिनेश अग्रवाल, दिवेंद्र पाल सिंह और पूर्व पार्षद जीवन सिंह को उपहार स्वरूप सरोपे भेंट किए गए। अजय भट्ट ने गुरु पर्व की बधाई देते हुए कहा प्रदेश सरकार सिख समाज का हर प्रकार से सहयोग करेगी। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा ज्ञान गोदड़ी मसला और अमृतसर के लिए वॉल्वो बस सेवा शुरू कराने के संबंध में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र रावत से वार्ता करेंगे। इस अवसर पर श्री गुरु गोबिंद सिंह सभा के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह राजन, महासचिव गुलजार सिंह, उपाध्यक्ष गुरमीत सिंह, जगमिंद्र सिंह, हरभजन सिंह आनंद, बलवीर सिंह साहनी, गुरुबख्श सिंह, चरणजीत सिंह, गुरचरण सिंह, ईश्वर सिंह, हरचरण सिंह, अमनदीप सिंह, हरदीप सिंह, अमरजीत सिंह, सेवा सिंह, राजेंद्र सिंह राता, गगनदीप भाटिया समेत अन्य लोगों ने व्यवस्था बनाने में विशेष सहयोग किया।