अचलगंज। शहर कोतवाली इलाके के नरीशेखपुर बंथर में बिना नक्शा पास निर्माणाधीन पांच फैक्ट्रियों को यूडीए ने राजस्व विभाग के साथ सील कर दिया। इस दौरान टैक्स जमा करने के साथ ही बिल्डिंग का नक्शा पास कराने के निर्देश दिए गए।
इसके बाद ही निर्माण हो सकेगा। इस दौरान यूडीए कर्मचारियों व फैक्ट्री मालिकों में बहस भी हुई। पुलिस फोर्स होने से मामला शांत हो गया। इन फैक्ट्रियों के मालिकों को कई बार नोटिस भी भेजे गए थे। इसके बाद भी नक्शा पास नहीं कराया गया। इनमें तीन फैक्ट्री निर्माणाधीन होने के साथ ही संचालित भी हैं।
शहर कोतवाली के नरीशेखपुर बंथर में पांच फैक्ट्रियां निर्माणाधीन हैं। इनमें लारी एंड सोनी लारी, अजय कुमार एवं पिंकी, सना हासमी पत्नी रिजवान हासमी, हिमांशु तिवारी व योगेश दीक्षित की फैक्ट्रियां हैं। इन फैक्ट्रियों के मालिक कानपुर में रहते हैं। पांचों फैक्ट्रियों का निर्माण यूडीए से बगैर नक्शा पास कराए हो रहा था।
यूडीए की ओर से नक्शा पास कराने के लिए भेजे गए नोटिसाें को फैक्ट्री मालिकों ने तवज्जो नहीं दी। डीएम के निर्देश पर गुरुवार को तहसील से न्यायिक तहसीलदार एके सरोज, यूडीए से सचिव पीके सिंह, अधिशाषी अभियंता आरडी वर्मा, अवर अभियंता सुशील श्रीवास्तव पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।
इन्होंने फैक्ट्री मालिकों से बिल्डिंग का नक्शा मांगा। नक्शा न दिखा पाने पर फैक्ट्रियां सील कर दीं।
न्यायिक तहसीलदार एके सरोज ने बताया कि सील की र्गइं पांच फैक्ट्रियों में से तीन में प्रोडक्शन भी हो रहा था। सना हासमी के नाम से बन रही फैक्ट्री में चिप्स, पापड़ बनाए जा रहे थे। हिमांशु तिवारी के नाम से संचालित फैक्ट्री में लेदर का काम हो रहा था। योगेश दीक्षित के नाम से चल रही फैक्ट्री में गत्ते बनाए जा रहे थे।