नरैनी। एमपी की सरहद पर स्थित नरैनी कोतवाली क्षेत्र के करतल कस्बे से 20 सितंबर को तड़के अपहृत स्वास्थ्य विभाग को एएनएम रानी देवी के मामले में पुलिस ने एक व्यक्ति को हिरासत में ले लिया है। रविवार को शाम बांदा क्राइम ब्रांच और करतल चौकी पुलिस उसे मऊरानीपुर से यहां कोतवाली लाई है। हालांकि पुलिस इस बारे में कुछ भी नहीं बता रही।
अपहर्ताओं ने एएनएम की रिहाई के बदले 50 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी।
पुलिस उसे बरामद कर पाने में नाकाम रही। इस बीच एएनएम को गरौंठा (झांसी) के जंगल में एक बाबा की निगरानी में रखा गया। 10 दिनों बाद पहली अक्तूबर को फिरौती लेकर एएनएम को रिहा किया गया। बदमाश उसे मऊरानीपुर रेलवे स्टेशन पर छोड़ गए। परिजन व पुलिस अगले दिन उसे करतल ले आए। पुलिस ने एएनएम से लंबी पूछताछ के बाद गरौंठा के जंगल में दबिश देकर एक वृद्ध को हिरासत में ले लिया है। बताते हैं कि यह वही व्यक्ति है जिसकी निगरानी में एएनएम जंगल में रखी गई। यह हिस्ट्रीशीटर भी बताया गया है। रविवार को शाम उसे यहां कोतवाली में लाने के बाद देर रात तक पुलिस पूछताछ और लिखा पढ़ी करती रही। कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया।