विजय हजारे में क्यों खेले सभी खिलाड़ी
बीसीसीआई ने इस सीजन से सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट में शामिल खिलाड़ियों के लिए कम से कम दो घरेलू मैच खेलना अनिवार्य कर दिया है। इसी नियम के तहत विराट कोहली और रोहित शर्मा ने भी घरेलू क्रिकेट का रुख किया था। आमतौर पर इंटरनेशनल मैचों में महंगे टिकट के कारण कई फैंस स्टेडियम नहीं जा पाते, ऐसे में घरेलू क्रिकेट में इन सितारों को खेलते देखना एक दुर्लभ मौका मिला। टीम इंडिया में चुने गए 15 में से 14 खिलाड़ियों ने विजय हजारे ट्रॉफी में हिस्सा लिया।
सूर्यकुमार फ्लॉप, तिलक चोटिल
टीम इंडिया के टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव ने विजय हजारे में सिर्फ दो मैच खेले, लेकिन फॉर्म टेस्टिंग में वह फेल साबित हुए। हिमाचल के खिलाफ 24 और पंजाब के खिलाफ 15 रन उनकी बैटिंग का हिस्सा रहे। वहीं, तिलक वर्मा ने चंडीगढ़ के खिलाफ शानदार 109 रन जड़े और फिर बंगाल के खिलाफ 34 रन बनाकर निरंतरता दिखाई। तिलक की स्थिरता भारत के मिडिल ऑर्डर के लिए राहतभरी खबर है। हालांकि, वह चोटिल हो गए हैं और टी20 विश्व कप में उनके खेलने पर संशय है। विजय हजारे में लगी चोट की वजह से उन्हें सर्जरी से गुजरना पड़ा है।
रिंकू सिंह का जलवा जारी
भारत के भरोसेमंद फिनिशर रिंकू सिंह ने विजय हजारे टूर्नामेंट में एक बार फिर अपनी क्लास साबित की। हैदराबाद के खिलाफ 67, चंडीगढ़ के खिलाफ 106*, बड़ौदा के खिलाफ 63, असम के खिलाफ 37*, जम्मू-कश्मीर के खिलाफ 41, विदर्भ के खिलाफ 57* और बंगाल के खिलाफ 37* जैसी पारियों ने उनका रिपोर्ट कार्ड बेहद प्रभावी बना दिया। यह स्पष्ट है कि रिंकू टी20 विश्व कप में भारत का ट्रम्प कार्ड साबित हो सकते हैं।
विकेटकीपर बैटर्स: ईशान और संजू की वापसी
संजू सैमसन ने झारखंड के खिलाफ 101 रन की चमकदार पारी खेली, जबकि पुद्दुचेरी के खिलाफ सिर्फ 11 रन बना सके। इसके पीछे उनका स्थिर स्ट्राइक रेट और मैच कंट्रोल क्षमता टीम के लिए मूल्यवान मानी गई है। ईशान किशन ने कर्नाटक के खिलाफ 125, फिर केरल के खिलाफ 21 और मध्य प्रदेश के खिलाफ नौ रन बनाए। उनका आक्रामक अंदाज और अनुभव टी20 विश्व कप में बेहद काम आ सकता है।
बुमराह क्यों नहीं खेले?
जसप्रीत बुमराह ने विजय हजारे ट्रॉफी इसलिए नहीं खेली क्योंकि उन्हें वर्कलोड मैनेजमेंट और पीठ की चोटों के इतिहास को देखते हुए बीसीसीआई और गुजरात क्रिकेट एसोसिएशन द्वारा आराम करने की सलाह दी गई थी, ताकि वह टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए फिट और तरोताजा रह सकें। पिछले कुछ वर्षों में उन्हें बार-बार चोटें आई हैं और इस वजह से उन्हें घरेलू क्रिकेट से विशेष छूट दी गई है।
विजय हजारे के टॉप परफॉर्मर टीम इंडिया में नहीं!
दिलचस्प बात यह है कि विजय हजारे ट्रॉफी 2025/26 में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले शीर्ष-10 और सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले शीर्ष-10 खिलाड़ियों में से कोई भी भारतीय विश्व कप टीम में जगह नहीं बना सका। यह चयनकर्ताओं के टी20 फॉर्मेट को लेकर विशेष दृष्टिकोण को दर्शाता है, जहां उन्होंने 50 ओवर के प्रदर्शन से ज्यादा टी20 की भूमिका, स्ट्राइक रेट, गेंदबाजी फेज और मैच-इम्पैक्ट को महत्व दिया। इससे यह स्पष्ट होता है कि घरेलू फॉर्म जहां महत्वपूर्ण है, वहीं फॉर्मेट की मांग और टीम की जरूरत चयन में ज्यादा प्रभाव डालती है।
सात फरवरी से शुरू होगा टी20 विश्व कप 2026
टी20 विश्व कप 2026 का 10वां संस्करण सात फरवरी से शुरू हो रहा है। कुल 20 टीमें, चार ग्रुप और हर ग्रुप में पांच-पांच टीमों का मुकाबला होगा। भारत इस टूर्नामेंट में खिताब बचाने के इरादे से उतरेगा, जिसने 2024 में रोहित शर्मा की कप्तानी में दक्षिण अफ्रीका को हराकर ट्रॉफी जीती थी।