क्या कप्तानी के आंकड़े बने शान मसूद की विदाई की वजह?
शान मसूद के नेतृत्व में पाकिस्तान ने 16 टेस्ट मैच खेले, जिनमें टीम को केवल चार जीत मिली। बांग्लादेश के खिलाफ लगातार घरेलू और विदेशी सीरीज में मिली हार को उनके कप्तानी कार्यकाल के अंत की बड़ी वजह माना गया।
क्या रमीज राजा ने PCB के फैसले पर सवाल उठाए?
रमीज राजा ने कहा कि अगर मैं शान मसूद की जगह होता तो लिखित शिकायत देता। बार-बार औसत खिलाड़ियों का समूह मिलने पर अलग नतीजों की उम्मीद कैसे की जा सकती है? जब टीम की गुणवत्ता अच्छी नहीं होगी तो आखिरकार कप्तान को ही इसका जिम्मेदार ठहराया जाएगा।
क्या बल्लेबाजी में अच्छा प्रदर्शन भी नहीं बचा सका कप्तानी?
शान मसूद ने बल्ले से अच्छा योगदान दिया। उन्होंने 34 की औसत से 1,056 रन बनाए, जिसमें दो शतक और सात अर्धशतक शामिल रहे। इसी प्रदर्शन के दम पर टीम में उनकी जगह बनी रही, लेकिन पीसीबी ने नेतृत्व में बदलाव का फैसला करते हुए बाबर आजम को कप्तानी सौंप दी।
क्या PCB बेहतर नेतृत्व की तलाश में था?
पीसीबी के जावेद ने कहा कि हम ऐसे कप्तान की तलाश में थे जो टीम का नेतृत्व और बेहतर तरीके से कर सके। शान का व्यक्तिगत प्रदर्शन अच्छा था, लेकिन कप्तान के रूप में हमें मनचाहे नतीजे नहीं मिल रहे थे।
क्या बाबर आजम की दूसरी पारी अब नई शुरुआत करेगी?
बाबर आजम अपने पहले कप्तानी कार्यकाल में 20 टेस्ट में पाकिस्तान को 10 जीत दिला चुके हैं। उनके नेतृत्व में टीम ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज जीती थी, जबकि बांग्लादेश और श्रीलंका में टेस्ट सीरीज में भी क्लीन स्वीप किया था। अब बाबर की दूसरी पारी की शुरुआत कैरेबियाई दौरे पर वेस्टइंडीज के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज से होगी। इसके बाद पाकिस्तान की टीम इंग्लैंड में तीन टेस्ट मैचों की सीरीज खेलेगी।