आखिरकार वही हुआ जिसका अंदाजा लगाया जा रहा था। भारतीय टीम के वर्तमान कोच रवि शास्त्री को एक बार फिर टीम इंडिया का हेड कोच चुन लिया गया। मुंबई में शुक्रवार को शाम सवा छह बजे के आसपास शुरू हुई प्रेस कांफ्रेंस में कपिल देव ने शास्त्री के नाम की घोषणा की। वर्ल्ड कप 2019 के सेमीफाइनल में टीम इंडिया की अप्रत्याशित हार के बाद लगा था कि शास्त्री का कोच पद पर दोबारा चुना जाना मुश्किल है, लेकिन लंबी कवायद के बाद फिर उन्हीं के नाम पर क्रिकेट सलाहकार समिति (CAC) ने मुहर लगा दी। वह 2021 तक टीम इंडिया के हेड कोच बने रहेंगे।
कोच पद के लिए 2 हजार से ज्यादा आवेदन आए थे। मगर कपिल देव की अगुआई वाली क्रिकेट एडवाइजरी काउंसिल ने 6 लोगों को शॉर्ट लिस्ट किया था। शास्त्री के बाद दूसरे पायदान पर न्यूजीलैंड के पूर्व कोच माइक हेसन रहे। तीसरे क्रम पर ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर टॉम मूडी का नंबर आया। आइए जानते हैं वो कौन से 5 कारण हैं, जिसके बूते रवि शास्त्री के नाम पर एक बार फिर मुहर लगाई गई।