पाकिस्तान के खिलाफ हार के बाद विराट कोहली ने बताया है कि टीम इंडिया का प्लान 200 से ज्यादा रन बनाने का था और लंबे समय तक टीम इसी गति से रन बना रही थी, लेकिन बाद में उन्हें रणनीति बदलनी पड़ी।
एशिया कप में पाकिस्तान के खिलाफ भारत की हार के बाद कई खिलाड़ियों को जिम्मेदार बताया जा रहा है। इस मैच में भारत ने शानदार शुरुआत की थी और एक समय पर लग रहा था कि आसानी से टीम इंडिया 200 रन से ज्यादा का स्कोर बनाएगी और आठ के अंदर पाकिस्तान की टीम को दो बार हराएगी। हालांकि, ऐसा हुआ नहीं और टीम इंडिया 181 रन के स्कोर पर ही सिमट गई। इसमें भी रवि बिश्नोई ने आखिरी दो गेंदों में दो चौके लगाए थे। ये दोनों चौके मिस्फील्ड से नहीं मिले होते तो भारत और आसानी से यह मुकाबला हार जाता।
विज्ञापन
इस हार के बाद विराट कोहली ने बताया है कि उनका प्लान भी भारत का स्कोर 200 रन के पार ले जाने का था, लेकिन नियमित अंतराल पर विकेट गिरने की वजह से उन्हें अपनी रणनीति बदलनी पड़ी। इसी वजह से टीम इंडिया 200 रन का आंकड़ा नहीं छू पाई।
44 गेंदों में 60 रन बनाने वाले विराट ने कहा कि वे तेज गति से रन बनाना चाहते थे, लेकिन विकेट गिरने की वजह से उन्हें रणनीति बदलनी पड़ी। समय की जरूरत लंबी पारी खेलने की थी। इसी वजह से कोहली 20वें ओवर तक खेलते रहे और सिर्फ एक छक्का लगाया। कोहली ने मैच के बाद कहा, "आज मैं तेज गति से प्रहार करने का प्रयास कर रहा था। जब हमने विकेट गंवाए तो बात हुई और हमारी योजना बदल गई, अब मुझे हुड्डा के साथ 18वें ओवर तक बल्लेबाजी करनी थी। अगर कुछ बल्लेबाज होते, तो मैं उसी गति के साथ जाता और अधिक चौके या छक्के लगाने की कोशिश करता। लेकिन फिर, मैं ऐसी स्थिति में पहुंच गया जहां मुझे गहराई तक जाना था। क्योंकि हुड्डा और मेरे बाद, भुवी थे फिर गेंदबाज ही थे। इससे थोड़ा फर्क पड़ता है, लेकिन हमारे पास स्थिति का विश्लेषण करने और उसके अनुसार खेलने की क्षमता है।"
हांगकांग के खिलाफ नाबाद 59 रन की पारी खेलने के बाद कोहली का टूर्नामेंट में यह लगातार दूसरा अर्धशतक था। पाकिस्तान के खिलाफ शानदार लय में थे, लेकिन धीमी बल्लेबाजी के कारण भारत को 20-25 रन का नुकसान हुआ। कोहली ने कहा, "अगर आपने देखा है कि हम कैसे खेल रहे हैं, तो इससे हमें वह परिणाम मिला है जिसकी हमें जरूरत है और हमारे बीच के ओवरों में रन रेट में भी सुधार हुआ है।"
"यह एक ऐसी चीज है, जिस पर मैंने, एक बल्लेबाज के रूप में, वास्तव में ध्यान दिया, और मुझे पता था कि यह एक ऐसा क्षेत्र है जिसमें हमें सुधार करते रहने की आवश्यकता है। हमने इस बारे में बात की है कि कभी-कभी यह वैसा नहीं होता जैसा आप चाहते हैं और आज हमने बीच के चरण में कुछ विकेट गंवाए जिसने हमें 200 के लक्ष्य की ओर नहीं जाने दिया।"
"लेकिन स्थिति को देखते हुए, अगर हमारे हाथ में कुछ विकेट होते, तो हम और रन बना सकते थे। हम बीच के ओवरों में विकेट खोने से परेशान नहीं हैं, क्योंकि हम इसी तरह खेलना चाहते हैं। हम वे 20-25 अतिरिक्त रन बनाने में सक्षम बनना चाहते हैं, जो बड़े मैचों में अंतर ला सकते हैं।" पूर्व कप्तान ने कहा कि वह ड्रेसिंग रूम के माहौल का लुत्फ उठा रहे हैं, जो उनकी बल्लेबाजी में भी दिख रहा है। उन्होंने कहा, "टीम के भीतर का माहौल अद्भुत है, इसलिए मैं इस समय फिर से खेलना पसंद कर रहा हूं और जिस तरह से मैं बल्लेबाजी कर रहा हूं उसे अच्छा महसूस कर रहा हूं।"
कोहली ने हारिस रऊफ के शानदार आखिरी ओवर की तारीफ की लेकिन कहा कि जहां तक उनकी बल्लेबाजी का सवाल है वह फिलहाल खुश हैं। उन्होंने कहा रऊफ उन धीमी गेंदों और तेज यॉर्कर के साथ अच्छी गेंदबाजी की। जब आप ऐसी गेंदें सही लाइन लेंथ के साथ करते हैं तो उन पर बड़े शॉट लगाना मुश्किल होता है।