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Amar Ujala Exclusive: विनोद कांबली को ब्रेन स्ट्रोक का खतरा! दोस्त बोले- हालत स्थिर है, लेकिन जोखिम बरकरार

Wed, 15 Apr 2026 10:00 PM IST
Mayank Tripathi स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

विनोद कांबली की सेहत फिलहाल स्थिर है, लेकिन दिमाग में क्लॉट के कारण ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बना हुआ है और उनकी याददाश्त कमजोर हो गई है।

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विनोद कांबली - फोटो : PTI
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विस्तार
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पूर्व भारतीय क्रिकेटर विनोद कांबली की सेहत को लेकर एक बार फिर चिंता जताई जा रही है, हालांकि उनके करीबी दोस्त के अनुसार फिलहाल उनकी स्थिति स्थिर है और घबराने जैसी कोई बात नहीं है। पिछले कुछ समय में उनकी सेहत में उतार-चढ़ाव देखने को मिला है, लेकिन धीरे-धीरे सुधार भी हो रहा है।
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दिमाग में क्लॉट के कारण स्ट्रोक का खतरा, याददाश्त कमजोर
अमर उजाला से बातचीत में कांबली के करीबी दोस्त मार्कस क्योटो ने बताया, करीब एक साल पहले कांबली के दिमाग में ब्लड क्लॉट पाया गया था, जिसका इलाज किया गया था। डॉक्टरों का कहना है कि यह क्लॉट पूरी तरह हटाया नहीं जा सकता, जिससे भविष्य में ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बना हुआ है। फिलहाल वह चल-फिर पा रहे हैं, लेकिन उनकी याददाश्त पहले जैसी मजबूत नहीं रही है और उन्हें कई बातें भूल जाती हैं।

शराब छोड़ी, लेकिन स्मोकिंग बनी बड़ी चिंता
कांबली ने शराब पूरी तरह छोड़ दी है, जो एक सकारात्मक संकेत है। हालांकि, धूम्रपान अभी भी उनके स्वास्थ्य के लिए बड़ा खतरा बना हुआ है। डॉक्टरों और दोस्तों का मानना है कि अगर उन्होंने स्मोकिंग नहीं छोड़ी, तो आगे चलकर गंभीर समस्या हो सकती है।

दोस्तों ने बनाया व्हॉट्सएप ग्रुप, आर्थिक मदद जारी
कांबली के दोस्तों ने उनकी मदद के लिए एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाया हुआ है, जिसके जरिए समय-समय पर उनकी आर्थिक सहायता की जाती है। भारतीय क्रिकेट के दिग्गज सचिन तेंदुलकर, सुनील गावस्कर और कपिल देव भी पहले उनके समर्थन में आगे आ चुके हैं।

विनोद कांबली - फोटो : ANI
पिछले साल अस्पताल में हुए थे भर्ती, दो हफ्ते चला था इलाज
पिछले साल अचानक तबियत बिगड़ने के बाद कांबली को ठाणे के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्हें यूरिन संक्रमण और मांसपेशियों में ऐंठन की शिकायत थी। जांच के दौरान उनके मस्तिष्क में रक्त का थक्का पाया गया था। करीब दो हफ्तों तक इलाज चला, जिसके बाद उनकी हालत में सुधार हुआ और उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। अस्पताल से बाहर आने के बाद कांबली ने फैंस को नए साल की शुभकामनाएं दी थीं। उन्होंने लोगों से अपील की थी कि वे शराब और नशीले पदार्थों से दूर रहें, क्योंकि बुरी आदतें जीवन को बर्बाद कर देती हैं।

कांबली का क्रिकेट करियर
कांबली ने 1993 से 2000 के बीच भारत के लिए 17 टेस्ट और 104 वनडे खेले। वह 1000 टेस्ट रन बनाने वाले सबसे तेज भारतीय बल्लेबाज हैं। यह एक ऐसा रिकॉर्ड जो आज तक कायम है। 1991 में अंतरराष्ट्रीय डेब्यू करने के बाद भारत के लिए 104 वनडे और 17 टेस्ट खेलने के बावजूद कांबली का अंतरराष्ट्रीय करियर एक दशक भी नहीं चल सका। कांबली ने 17 टेस्ट में 54.20 की औसत से 1084 रन बनाए थे। इनमें चार शतक और तीन अर्धशतक शामिल हैं। इसके अलावा 104 वनडे में उन्होंने 32.59 की औसत से 2477 रन बनाए। इनमें दो शतक और 14 अर्धशतक शामिल हैं। इसके अलावा 129 प्रथम श्रेणी मैचों में उन्होंने 59.67 की औसत से 9965 रन बनाए। इनमें 35 शतक और 44 अर्धशतक शामिल हैं। इसके अलावा 221 लिस्ट-ए मैचों में कांबली ने 41.24 की औसत से 6476 रन बनाए। इनमें 11 शतक और 35 अर्धशतक शामिल हैं।
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मनोरंजन जगत से भी रहा नाता
विनोद कांबली ने 2002 में संजय दत्त और सुनील शेट्टी के साथ फिल्म अनर्थ से बॉलीवुड डेब्यू किया था। फिर 2009 में फिल्म 'पल पल दिल के पास' में वो अजय जड़ेजा और माही गिल जैसे कलाकारों के साथ नजर आए। इसके अलावा एक कन्नड़ फिल्म भी की थी। इसके अलावा वो कुछ टीवी शोज में भी नजर आए थे। साल 2009 में उन्होंने 'बिग बॉस' के तीसरे सीजन में भी भाग लिया था।
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