महेंद्र सिंह धोनी की अगुवाई में टीम इंडिया बतौर वर्ल्ड चैंपियन इस बार वर्ल्ड कप में उतरने जा रही है। उसकी नजर अपने खिताब की रक्षा करने पर होगी। अभी तक सिर्फ वेस्टइंडीज और ऑस्ट्रेलिया ही अपने खिताब की रक्षा करने में सफल रहे हैं।
धोनी की कप्तानी में टीम नंवबर, 2014 से ही ऑस्ट्रेलिया में डेरा डाली हुई है, हालांकि वर्ल्ड कप में शामिल ज्यादातर भारतीय खिलाड़ी इस साल जनवरी में ऑस्ट्रेलिया पहुंचे हैं। धोनी के अलावा विराट कोहली, आर अश्विन, अंजिक्य रहाणे, मोहम्मद शमी समेत कुछ खिलाड़ी टेस्ट सीरीज के बाद वनडे का वर्ल्ड कप खेलने जा रहे हैं।
1992 में ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में हुए वर्ल्ड कप में भारत सेमीफाइनल में नहीं पहुंच सका था और इस महाद्वीप में उसका प्रदर्शन अपेक्षाकृत अच्छा नहीं रहा है। इस बार टीम की चुनौती इसलिए काफी बढ़ गई है क्योंकि 15 में से सिर्फ 4 खिलाड़ियों के पास वर्ल्ड कप में खेलने का अनुभव है। इस लिहाज से यह टीम कम अनुभवी दिख रही है।
भारत का पहला ही मुकाबला पाकिस्तान से है और उसे पहले ही मैच से कड़ी टक्कर मिल रही है। अब देखना होगा कि युवा जोश और अनुभवी खिलाड़ियों के योग से टीम इंडिया किस स्तर का प्रदर्शन कर पाती है।
खास बातें
1983 में पहली बार वर्ल्ड कप पर जमाया कब्जा।
2011 में दूसरी बार बने वर्ल्ड चैंपियन।
कप्तान- महेंद्र सिंह धोनी
कोच- डंकन फ्लेचर
टीम इंडिया- महेंद्र सिंह धोनी (कप्तान एवं विकेटकीपर), रविचंद्रन अश्विन, स्टुअर्ट बिन्नी, शिखर धवन, रवींद्र जडेजा, विराट कोहली, भुवनेश्वर कुमार, अक्षर पटेल, अंजिक्य रहाणे, सुरेश रैना, अंबाती रायडु, मोहम्मद शमी, इशांत शर्मा, रोहित शर्मा और उमेश यादव।