अंपायर से भिड़ते शाकिब अल हसन
- फोटो : सोशल मीडिया
4. पाकिस्तान के खिलाफ शाकिब अल हसन का एल्बीडब्ल्यू आउट होना: पाकिस्तान और बांग्लादेश के बीच सुपर-12 राउंड में वर्चुअल नॉकआउट मुकाबला खेला जा रहा था। दोनों में से जो टीम जीतती, उसे सेमीफाइनल का टिकट मिलता। बांग्लादेश ने पहले बल्लेबाजी की और एक वक्त 11वें ओवर तक एक वक्त एक विकेट गंवाकर 73 रन बना लिए थे।
इस ओवर में शादाब खान गेंदबाजी कर रहे थे। उन्होंने ओवर की चौथी गेंद पर सौम्य सरकार को आउट किया। इसके बाद कप्तान शाकिब बैटिंग के लिए आए। शादाब की अगली गेंद जाकर शाकिब के पैड पर लगी। इस पर पाकिस्तानी खिलाड़ियों ने अपील की और शाकिब को फील्ड अंपायर ने एल्बीडब्ल्यू आउट दिया। इस पर शाकिब ने डिसीजन रिव्यू सिस्टम का इस्तेमाल किया।
शाकिब ने मामले को थर्ड अंपायर के पास इस उम्मीद में भेजा कि उन्हें शायद न्याय मिले, क्योंकि उन्हें विश्वास था कि गेंद उनके बल्ले पर लगी है। हालांकि, उन्हें क्या पता था कि थर्ड अंपायर भी बड़ी गलती कर सकते हैं। रिव्यू में साफ दिखा कि गेंद बल्ले पर लग रही थी और गेंद और बल्ले के बीच काफी गैप था।
हालांकि, थर्ड अंपायर का मानना कुछ और ही था। उन्हें लगा कि बैट गेंद पर लगने की बजाय जमीन पर लगी है और बॉल-बॉट के बीच कोई संपर्क नहीं हुआ। यहां तक कि पाकिस्तान के पत्रकार साज सादिक ने भी ट्वीट कर बताया कि शाकिब के बल्ले पर गेंद लगी थी। ऐसे में शाकिब को थर्ड अंपायर ने भी आउट दिया। इस पर शाकिब नाखुश हुए और अंपायर से भिड़ गए।
उन्होंने मैदान से बाहर जाने से इनकार कर दिया। इसके बाद वह धीमी-धीमी कदमों से डग आउट की तरफ लौटने लगे। हालांकि, उन्हें तब तक विश्वास नहीं हो रहा था कि वह अंपायरों के एक खराब फैसले का शिकार हुए। इस फैसले ने मैच का रुख पलट कर रख दिया। बांग्लादेश की टीम 20 ओवर में आठ विकेट पर सिर्फ 127 रन ही बना सकी। पाकिस्तान ने यह मैच पांच विकेट से जीत लिया।