श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) ने पिछले साल एक स्टिंग ऑपरेशन में प्रथम श्रेणी मैच को प्रभावित करने के लिए घूस लेते पकडे़ गए दो अंपायरों को प्रतिबंधित कर दिया है।
एसएलसी के कार्यकारी बोर्ड की कोलंबो में हुई आपात बैठक में यह निर्णय लिया गया।
एक भारतीय न्यूज चैनल के स्टिंग आपरेशन में बांग्लादेश, श्रीलंका और पाकिस्तान के प्रथम श्रेणी अंपायरों को रिश्वत लेते दिखाया गया था।
इस ऑपरेशन में श्रीलंका के तीन अंपायरों सागरा गलागे, मारिस जिल्वा और गामिनी दिशानायके का नाम भी सामने आया था।
गलागे को 10 जबकि जिल्वा को तीन साल के लिए प्रतिबंधित किया गया है। दिशानायके को डाउनग्रेड करने के साथ-साथ कड़ी चेतावनी दी गई है। पाकिस्तान और बांग्लादेश बोर्ड पहले ही अपने अंपायरों को सजा दे चुके हैं।
हालांकि श्रीलंका क्रिकेट ने यह नहीं बताता कि दोनों अंपायरों पर क्या आरोप लगाए गए हैं लेकिन बोर्ड से जुड़े सूत्रों के अनुसार उनके खिलाफ जांच समिति ने पुख्ता सुबूत मिले हैं।
तीनों में दिशानायके ही एक बड़े अंपायर थे जिन्होंने खुद को बेकसूर कहा था।
भारतीय चैनल ने अपने स्टिंग ऑपरेशन में छह अंपायरों पर घूस लेने का आरोप लगाया था जिनमें श्रीलंका के तीन अंपायरों के अलावा दो पाकिस्तान और एक बांग्लादेश से थे।