टेस्ट कप्तान दिमुथ करुणारत्ने के अलावा दिनेश चांदीमल और एंजेलो मैथ्यूज की अगुवाई में श्रीलंका के शीर्ष क्रिकेटरों ने श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) द्वारा दिए गए केंद्रीय अनुबंध पर हस्ताक्षर से इनकार कर दिया है। उनका मानना है कि अन्य देशों की तुलना में इनकी राशि काफी कम है।
करुणारत्ने, मैथ्यूज और चांदीमल सहित लगभग सभी शीर्ष खिलाड़ियों का प्रतिनिधित्व कर रहे वकील ने कहा कि जिस वेतन की पेशकश की गई है वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर्स संघों के महासंघ (फिका) की रिपोर्ट के अनुसार क्रिकेट खेलने वाले कुछ अन्य देशों की तुलना में एक तिहाई है। छह खिलाड़ियों को ए वर्ग में जगह मिली है और उनका वार्षिक वेतन 51 लाख से 73 लाख रुपये के बीच है।
बल्लेबाज धनंजय डिसिल्वा को सर्वाधिक 73 लाख मिलेंगे जबकि बाकी खिलाड़ियों को 51 से 58 लाख रुपये का भुगतान किया जाना है। तुलना की जाए तो भारत में ग्रुप सी (सबसे निचला वर्ग) का केंद्रीय अनुबंध हासिल करने वाले खिलाड़ी को भी एक करोड़ रुपये मिलते हैं।
एसएलसी की क्रिकेट सलाहकर समिति के अध्यक्ष अरविंद डिसिल्वा ने कहा है कि उन्हें खिलाड़ियों के अतीत के प्रदर्शन के कारण कड़े फैसले करने को बाध्य होना पड़ा।
भारत की सीरीज पर पड़ सकता है प्रभाव
इस विवाद का अगर हल समय पर नहीं निकला तो इससे जुलाई में भारत के खिलाफ होने वाली श्रीलंका की द्विपक्षीय सीरीज प्रभावित हो सकती है। तीन वनडे और इतने ही टी20 मैचों की सीरीज से एसएलसी को अच्छी खासी कमाई होने की उम्मीद है जो पैसों की तंगी से जूझ रहा है।