श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) के रविवार को घोषणा की है कि श्रीलंका के पूर्व क्रिकेटर चमारा सिल्वा पर फिक्सिंग मामले में दो साल का बैन लगाया गया है। सिल्वा पर घरेलू फर्स्ट क्लास मैच के दौरान परिणामों के साथ उलटफेर का आरोप है।
एसएलसी ने इस मामले में सात माह की जांच के बाद यह फैसला दिया है। उल्लेखनीय है कि इस साल 23 से 25 जनवरी के बीच पानाडुरा क्रिकेट क्लब और कालुतारा फिजिकल कल्चर क्लब के बीच खेले गए मैच के तीसरे दिन परिणाम में गड़बड़ी की बात सामने आई थी।
ये भी पढ़ें : श्रीलंका क्रिकेट की दुर्दशा पर परेशान हैं पूर्व कप्तान रणतुंगा, बैठक से बनायी दूरी
एसएलसी ने इन दो क्लबों के बीच खेले गए मैच में फिक्सिंग को लेकर जांच की, जिसे पहले से ही फिक्स माना जा रहा था। पानाडुरा का नेतृत्व करने वाले सिल्वा पर जहां एक ओर दो साल का प्रतिबंध लगाया गया है, वहीं कालातुरा क्लब के कप्तान मनोज देशाप्रियम पर भी दो साल का प्रतिबंध लगा है।
श्रीलंका के लिए अपने करियर के दौरान सिल्वा ने 1999 से 2011 तक 11 टेस्ट, 75 वन-डे खेले। इसके अलावा क्लब के अन्य खिलाड़ियों और कोचों पर एक-एक साल का प्रतिबंध लगाया गया है। दोनो क्लबों को जुर्माने के तौर पर पांच लाख रुपये का भुगतान करना है।