मैच फिक्सिंग की जांच के दौरान दिल्ली पुलिस को बुकीज और खिलाड़ियों के कॉल इंटरसेप्ट में पता चला कि आईपीएल में सभी प्रमुख खिलाड़ियों के नामों का डी कंपनी ने कोडवर्ड रखा हुआ था।
यही नहीं पूरे सट्टे के खेल को अंडरवर्ल्ड कराची के नाम से जानता है। दूसरी ओर रुपयों के लिए भी नया शब्द आया है। करोड़ रुपये को खोखे के स्थान पर अब मिर्ची नाम दे दिया गया है।
पुलिस सूत्रों की मानें सभी कोर्डवर्ड पाकिस्तान से दुबई बाद में भारत पहुंचते हैं।
दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने बताया कि सट्टेबाजी के खेल में भले ही कोई खिलाड़ी शामिल हो या नहीं, लेकिन उसके नाम पर बुकीज सट्टा बुक करते ही हैं।
फोन पर इन खिलाड़ियों का सीधे तौर पर नाम न लेकर इनको कोर्डवर्ड से पुकारा जाता है।
हर किसी बुकी को खिलाड़ियों को कोडवर्ड का पता होता है। आईपीएल-6 में डी कंपनी ने सचिन का कोडवर्ड बटकू रखा था।
धोनी का हेलीकॉप्टर, क्रिसगेल का रावण, मलिंगा का मंक्की, युवराज का मॉडल, सहवाग का चश्मा, हरभजन सिंह का टोपी, सुरेश रैना का शेर, श्रीसंत का रोतू, विंदू दारा सिंह का जैक कोडवर्ड रखा था।
फोन पर इन कोडवर्ड में बातचीत की जाती थी। हवाला से भेजी जाने वाली रकम को हवाली कहा जाता है।