पांचवें और अंतिम टेस्ट की पहली पारी में एक बार फिर भारतीय बल्लेबाजी ताश के पत्तों की तरह बिखर रही थी। मगर अपना डेब्यू टेस्ट खेल रहे हनुमा विहारी क्रीज पर अंगद की तरह पैर जमाकर खड़े हो गए। न सिर्फ उन्होंने टीम को मुश्किल समय से उबारा बल्कि अर्धशतक लगाकर एक कीर्तिमान भी स्थापित किया।