इंग्लैंड दौरे में बुरी तरह से नाकाम रहे भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा की नाकामी का सिलसिला खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। इंग्लैंड में वह एक बार फिर बल्ले से नाकाम हो गए हैं।
पुजारा काउंटी टीम डर्बीशायर की ओर से खेलते हुए अपने पहले मैच में विफल रहे। ग्लेमोर्गन के खिलाफ चार दिवसीय मैच में पुजारा मात्र 7 रन बनाकर आउट हो गए। चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे पुजारा 26 गेंद खेलने के बाद ग्लेमोर्गन के मध्यम तेज गेंदबाज जिम एलेनबी की गेंद पर एलबीडब्ल्यू हो गए।
चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए सौराष्ट्र के बल्लेबाज पुजारा 27 मिनट तक क्रीज पर रुके रहे लेकिन अपनी पारी में कोई बाउंड्री तक नहीं लगा सके।
टेस्ट सीरीज में भी नाकाम रहे थे पुजारा
इससे पहले टीम इंडिया के इंग्लैंड दौरे के दौरान पांच मैचों की टेस्ट सीरीज में शीर्ष क्रम के बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा को खासा संघर्ष करना पड़ा था। वह अपनी 10 पारियों में महज एक अर्धशतक ही लगा पाए थे। वह क्रीज पर टिकने के लिए किस कदर संघर्ष करते रहे इसका अंदाजा उनके बनाए रन से लगाया जा सकता है।
पुजारा ने इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में शुरुआत तो ठीक-ठाक की थी, लेकिन धीरे-धीरे बल्लेबाजी में वह और खराब होते गए।
टेस्ट सीरीज में पुजारा 38, 55 (पहला टेस्ट, नॉटिंघम), 28, 43 (लॉर्ड्स), 24,2 (साउथम्प्टन), 0, 17 (मैनचेस्टर) और 4, 11 (पांचवां टेस्ट, ओवल) अंत तक संघर्ष करते रहे। टेस्ट सीरीज में नाकामी होने के बाद पूर्व कप्तान राहुल द्रविड़ ने पुजारा को सलाह दी थी कि फॉर्म में लौटने के लिए उन्हें काउंटी क्रिकेट खेलना चाहिए।
पुजारा की टीम के 6 बल्लेबाज हुए LBW
ऐसा नहीं है कि डर्बीशायर की ओर से खेलते हुए चेतेश्वर पुजारा ही ग्लेमोर्गन के खिलाफ बल्ले से नाकाम हुए हों, टीम का एक भी बल्लेबाज 40 रन भी नहीं बना पाया। उसके 6 बल्लेबाज एलबीडब्ल्यू हो गए।
डर्बीशायर की पूरी टीम 203 रन बनाकर आउट हो गई। इससे पहले ग्लेमोर्गन की टीम ने 282 रन बनाए थे। पहली पारी के आधार पर पुजारा वाली टीम 79 रन से पीछे हो गई।